
मुंबई, 10 फरवरी 2026 – बॉलीवुड फिल्म निर्माता-निर्देशक रोहित शेट्टी के जुहू स्थित आवास पर हुई फायरिंग मामले में मुंबई क्राइम ब्रांच ने एक बड़ा खुलासा किया है। पुलिस ने आरोपी आसाराम फासले का बिश्नोई गैंग से जुड़ाव पाया है। जांच में सामने आया कि आरोपी गैरेज मैकेनिक का ढोंग रचकर हथियार सप्लाई का काम करता था।
गिरफ्तार आरोपी का प्रोफाइल
पुलिस के अनुसार, आसाराम फासले पुणे के मालवली का रहने वाला है और पिछले 10 सालों से वारजे क्षेत्र में एक गैरेज में मैकेनिक के तौर पर काम कर रहा था। जांच में पता चला कि फासले पिछले चार सालों से लॉरेंस बिश्नोई गैंग के लिए काम कर रहा था। उसे शुभम लोनकर का विशेष प्रभाव था, जो बाबा सिद्दीकी हत्याकांड का मास्टरमाइंड और गैंग का करीबी सदस्य है।
कैसे जुड़ा बिश्नोई गैंग से
पुलिस ने बताया कि चार साल पहले लोनकर के प्रभाव और इलाके में दबदबे को देखकर फासले ने बिश्नोई गैंग जॉइन कर लिया। इसके बाद वह गैंग के लिए हथियार सप्लाई और अन्य गतिविधियों में शामिल होता रहा। रोहित शेट्टी के घर फायरिंग मामले में पहले गिरफ्तार चार आरोपियों में से स्वप्निल सकट को फासले ने हथियार सप्लाई किए थे।
हथियार सप्लाई और संदिग्ध राशि
पुलिस अब यह पता लगा रही है कि फासले ने हथियार सप्लाई के बदले कितने पैसे लिए और हथियार कहां से जुटाए। अभी तक यह भी स्पष्ट नहीं हो पाया है कि असली शूटर कौन है और वह कहां है।
असली शूटर की तलाश जारी
मुंबई क्राइम ब्रांच की कई टीमें असली शूटर को पकड़ने में जुटी हैं। फासले के फोन की जांच की जा रही है ताकि डिलीट किए गए मैसेज और गैंग से जुड़े कम्युनिकेशन का पता लगाया जा सके।
फायरिंग की घटना का संक्षिप्त विवरण
पुलिस ने अब तक आदित्य ज्ञानेश्वर गायकी, सिद्धार्थ दीपक येनपुरे, समर्थ शिवशरण पोमाजी और स्वप्निल बंडू सकट को गिरफ्तार किया है। यह फायरिंग 1 फरवरी की रात रोहित शेट्टी के जुहू स्थित घर पर हुई थी, जिसमें 4-5 राउंड फायरिंग की गई।
