
मुंबई/महाराष्ट्र। महाराष्ट्र के मुंबई और 28 अन्य नगर निकायों में महापौर पदों के लिए आरक्षण तय करने की ‘लॉटरी’ आज गुरुवार सुबह 11 बजे से निकाली जाएगी। राज्य सचिवालय में आयोजित इस प्रक्रिया के जरिए यह तय होगा कि महापौर का पद किस श्रेणी—सामान्य, महिला, अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति या ओबीसी—के लिए आरक्षित होगा।
महापौर चुनाव में लॉटरी क्यों जरूरी?
महाराष्ट्र में महापौर का चुनाव नगर निकायों के निर्वाचित पार्षदों द्वारा किया जाता है और यह पद रोटेशन और आरक्षण के आधार पर आता है। लॉटरी के माध्यम से निर्धारित होने के बाद पात्र उम्मीदवार अपना नामांकन दाखिल करते हैं।
चुनाव प्रक्रिया
लॉटरी के परिणाम घोषित होने के बाद नगर निकायों की एक विशेष बैठक में महापौर का चुनाव आयोजित किया जाएगा। सदन की कुल सदस्य संख्या के आधे से अधिक मत पाने वाला उम्मीदवार महापौर बनेगा। यदि किसी पार्टी को स्पष्ट बहुमत न मिले, तो गठबंधन निर्णायक भूमिका निभाएगा।
29 महानगरपालिकाओं में किसको मिलेगा आरक्षण?
| क्रम संख्या | महानगरपालिका | आरक्षण |
| 1 | मुंबई | TBD |
| 2 | नवी मुंबई | TBD |
| 3 | छत्रपति संभाजीनगर | TBD |
| 4 | वसई-विरार | TBD |
| 5 | कल्याण-डोंबिवली | TBD |
| 6 | कोल्हापुर | TBD |
| 7 | नागपुर | TBD |
| 8 | सोलापुर | TBD |
| 9 | अमरावती | TBD |
| 10 | अकोला | TBD |
| 11 | नासिक | TBD |
| 12 | पिंपरी-चिंचवड़ | TBD |
| 13 | पुणे | TBD |
| 14 | उल्हासनगर | TBD |
| 15 | ठाणे | TBD |
| 16 | चंद्रपुर | TBD |
| 17 | परभणी | TBD |
| 18 | मीरा-भायंदर | TBD |
| 19 | नांदेड़-वाघाला | TBD |
| 20 | पनवेल | TBD |
| 21 | भिवंडी-निजामपुर | TBD |
| 22 | लातूर | TBD |
| 23 | मालेगांव | TBD |
| 24 | सांगली-मिराज-कुपवाड | TBD |
| 25 | जलगांव | TBD |
| 26 | अहिल्यानगर | TBD |
| 27 | धुले | TBD |
| 28 | जालना | TBD |
| 29 | इचलकरंजी | TBD |
मुंबई में महापौर कौन?
मुंबई में 15 जनवरी को हुए चुनाव में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी। भाजपा ने बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) की 227 सीटों में 89 सीटें जीतकर करीब 30 साल बाद ठाकरे परिवार से नियंत्रण छीन लिया। भाजपा की सहयोगी शिवसेना (उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में) ने 29 सीटें जीती हैं।
महाराष्ट्र में भाजपा की स्थिति
राज्य में 29 महानगरपालिकाओं के 2026 नगर निकाय चुनावों में भाजपा ने 2,869 में से 1,425 सीटों पर जीत दर्ज की। इस जीत के साथ पार्टी राज्य के प्रमुख नगर निकायों में अपनी पकड़ मजबूत करने में सफल रही।