
मॉस्को: रूस और पाकिस्तान के बीच पिछले कुछ वर्षों में रिश्ते नई ऊँचाइयों पर पहुंचे हैं। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पाकिस्तान के साथ संबंधों को ‘आपसी फायदेमंद’ बताया है। यह टिप्पणी उन्होंने मॉस्को में नए पाकिस्तानी राजदूत फैसल नियाज तिर्मिजी से क्रेडेंशियल सेरेमनी के दौरान की।
पुतिन ने कहा कि “हम शंघाई सहयोग संगठन के पूर्ण सदस्य पाकिस्तान के साथ घनिष्ठ सहयोग बनाए रखते हैं, जो आर्थिक, तकनीकी और मानवीय क्षमता के मामले में सबसे बड़ा क्षेत्रीय संगठन है। रूस-पाकिस्तान संबंध वास्तव में आपसी फायदेमंद हैं।”
पिछले पांच वर्षों में दोनों देशों ने कई महत्वपूर्ण समझौते किए हैं। इनमें बार्टर ट्रेड का विस्तार, नए व्यापार मार्गों की खोज और सैन्य सहयोग बढ़ाने पर विचार शामिल हैं। दोनों देशों ने व्यापार, निवेश, ऊर्जा और कनेक्टिविटी में सहयोग को बढ़ावा दिया है।
पाकिस्तान और रूस की उच्च स्तरीय बैठकों में तकनीकी, कृषि और परिवहन क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने में विशेष रुचि दिखाई गई है। दिसंबर 2025 में पाकिस्तान के वित्त मंत्री मुहम्मद औरंगजेब ने कहा था कि दोनों देश संभावित तेल-क्षेत्र समझौते पर बातचीत कर रहे हैं।
इसके अलावा, कराची में स्टील मिल स्थापित करने और पाकिस्तान स्ट्रीम गैस पाइपलाइन परियोजना पर भी दोनों देशों ने सहयोग किया है। यह पाइपलाइन कराची से पंजाब तक गैस आपूर्ति कर पाकिस्तान की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करेगी। साल 2023 में रूस और पाकिस्तान ने रूसी कच्चे तेल की डिलीवरी पर भी चर्चा की थी।
रूस और पाकिस्तान ने पाकिस्तान स्टील मिल (PSM) को फिर से शुरू करने पर सहमति जताई है, जो लंबे समय तक बड़े निवेश का संकेत है। दोनों देशों के बीच आर्थिक आयोग भी बनाया गया है, जिसके तहत अधिकारी नियमित रूप से व्यापार, ऊर्जा और अन्य क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने के लिए बैठकें करते हैं।
रूस के पाकिस्तान के साथ बढ़ते संबंधों से क्षेत्रीय राजनीतिक और आर्थिक परिदृश्य में नई हलचल देखने को मिल सकती है।