Monday, April 6

technology

PM Modi दे रही हैं महिलाओं को फ्री स्कूटी? ये वायरल वीडियो AI जनरेटेड और फर्जी
technology

PM Modi दे रही हैं महिलाओं को फ्री स्कूटी? ये वायरल वीडियो AI जनरेटेड और फर्जी

नई दिल्ली: सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें ऐसा दिखाया गया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी महिलाओं को फ्री स्कूटी देने की घोषणा कर रहे हैं। हालांकि, PIB Fact Check ने इस वीडियो को फर्जी और AI जनरेटेड बताया है। वीडियो का सच इस वीडियो को इंस्टाग्राम हैंडल ‘rounakkumartalks’ से शेयर किया गया था। वीडियो में दावा किया गया कि केंद्र सरकार उन महिलाओं को स्कूटी देगी जिनकी सैलरी 50,000 रुपये से कम है। PIB Fact Check ने ट्वीट कर स्पष्ट किया कि ऐसी कोई योजना फिलहाल सरकार चला नहीं रही है। सरकारी स्कीम्स की जानकारी केवल आधिकारिक पोर्टल पर सरकार ने हमेशा यह कहा है कि किसी भी योजना की जानकारी के लिए केवल myscheme.gov.in का ही उपयोग करें। यह प्लेटफॉर्म आपको केंद्र और राज्य सरकार की सभी कल्याणकारी योजनाओं के बारे में सटीक जानकारी देता है। MyScheme पोर्टल का इस्तेमाल कैसे करें ...
मौसम बदलने से पहले कराएं AC की ‘ऑफ सीजन सर्विस’, जानें 5 बड़े फायदे
technology

मौसम बदलने से पहले कराएं AC की ‘ऑफ सीजन सर्विस’, जानें 5 बड़े फायदे

नई दिल्ली: सर्दियों के खत्म होने और गर्मियों के करीब आते ही घरों में AC सर्विस की जरूरत बढ़ जाती है। विशेषज्ञों के अनुसार 20 फरवरी से 20 मार्च तक का समय ऑफ सीजन सर्विस के लिए सबसे बेहतर माना जा रहा है। इस दौरान बुकिंग आराम से मिलती है, सर्विस पूरी तरह से होती है और खर्च भी कम आता है। 1. ज्यादा बुकिंग नहीं, मैकेनिक देगा पूरा समय ऑफ सीजन में मैकेनिक के पास ज्यादा बुकिंग नहीं होती। इसलिए वे हर AC की जांच और सफाई पूरी ध्यान से करते हैं। ड्रेन पाइप की सफाई, कूलिंग कॉइल की सफाई और गैस प्रेशर की जांच भी सही तरीके से की जाती है। 2. AC गैस की जांच हो जाती है अच्छे से पीक सीजन में अगर मैकेनिक कह दे कि गैस कम है, तो ग्राहक अक्सर बिना जांच के भरवा देता है। ऑफ सीजन में मैकेनिक के दावे को आप क्रॉस चेक करवा सकते हैं। AC की गैस तभी खत्म होती है जब कोई लीकेज हो, और अब समय रहते उसकी सही जांच हो जाती है।...
‘गोरों और एशियाई लोगों से नफरत करता आपका AI’, एलन मस्क ने एंथ्रोपिक को दिया वार्निंग
technology

‘गोरों और एशियाई लोगों से नफरत करता आपका AI’, एलन मस्क ने एंथ्रोपिक को दिया वार्निंग

नई दिल्ली/सैन फ्रांसिस्को: एआई कंपनी एंथ्रोपिक अपनी नई फंडिंग और तकनीकी सफलता के बाद चर्चा में है, लेकिन इस सफलता पर एलन मस्क ने सवाल उठाए हैं। मस्क ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर पोस्ट करते हुए एंथ्रोपिक के एआई मॉडल पर गंभीर आरोप लगाए हैं। मस्क ने क्या कहा? एलन मस्क ने आरोप लगाया कि एंथ्रोपिक का एआई गोरों और एशियाई लोगों से नफरत करता है, खासतौर पर चीनी लोगों, पुरुषों और हेट्रोसेक्सुअल्स के खिलाफ। मस्क ने कहा कि यह मॉडल मनहूस और बुरा है और इंसानों के प्रति नकारात्मक व्यवहार करता है। उन्होंने एंथ्रोपिक को चेतावनी दी कि इसे तुरंत सुधारने की जरूरत है। प्रतिद्वंद्विता की कहानी दरअसल, यह आरोप मस्क की कंपनी एक्सएआई और एंथ्रोपिक के बीच बढ़ती प्रतिस्पर्धा के बीच आए हैं। मस्क के Grok AI चैटबॉट और एंथ्रोपिक के Claude Cowork में सीधा मुकाबला है। हाल ही में Claude Cowork में नए फीचर्स ...
अकेले हैं? AI के साथ मनाइए वैलेंटाइन डे, न्यूयॉर्क का कैफे ला रहा रोमांटिक डिनर अनुभव
technology

अकेले हैं? AI के साथ मनाइए वैलेंटाइन डे, न्यूयॉर्क का कैफे ला रहा रोमांटिक डिनर अनुभव

न्यू यॉर्क: इस वैलेंटाइन डे पर अकेले रहने वालों के लिए 'सेम सेम वाइन बार' ने एक अनोखी पहल की है। कैफे में अब लोग अपने AI चैटबॉट के साथ रोमांटिक डिनर डेट का अनुभव ले सकते हैं। AI-असिस्टेड डेट का अनोखा कॉन्सेप्ट कैफे में टेबल पर डिवाइस स्टैंड और हेडफोन लगाए गए हैं। विज़िटर अपने फोन या टैबलेट के जरिए वर्चुअल पार्टनर से बातें करते हुए खाना और वाइन का आनंद ले सकते हैं। यह अनुभव ऐसा बनाया गया है कि लोग डिजिटल साथी के साथ असल दुनिया में किसी के साथ बैठकर बातचीत करने जैसा महसूस करें। ऑर्गनाइज़र का कहना है कि आजकल कई लोग AI चैटबॉट के साथ अपनी निजी बातें शेयर करते हैं। ऐसे में यह वर्चुअल साथी कई लोगों के लिए इमोशनल सपोर्ट और रोमांटिक पार्टनर का काम कर रहा है। EvaAI ऐप की भूमिका इस पहल की शुरुआत EvaAI ऐप ने की है। ऐप में यूजर्स को टेक्स्ट और वीडियो बातचीत के लिए कई AI कैरेक्टर्स मिलते हैं। यूजर्...
AI Impact Summit 2026: दुनिया के बड़े CEO की भारत में रहीं लाइन, 3 कारण समझें
technology

AI Impact Summit 2026: दुनिया के बड़े CEO की भारत में रहीं लाइन, 3 कारण समझें

नई दिल्ली: अगले हफ्ते यानी 16 फरवरी से 20 फरवरी तक नई दिल्ली में India AI Impact Summit 2026 का आयोजन होने जा रहा है। इस समिट में दुनियाभर के दिग्गज CEOs और सरकारों के प्रमुख हिस्सा लेने वाले हैं। गूगल के सुंदर पिचाई, ओपनएआई के सैम ऑल्टमैन, एनवीडिया के जेन्सन हुआंग समेत एंथ्रोपिक, डीपमाइंड और माइक्रोसॉफ्ट के शीर्ष अधिकारियों की भी मौजूदगी होगी। क्यों भारत में है इतनी दिलचस्पी? इसका मुख्य कारण तीन प्रमुख बिंदु हैं: 1. भारत की बड़ी और डिजिटल आबादीभारत में इंटरनेट से जुड़े लोगों की संख्या बड़ी है और वे एआई तकनीक का इस्तेमाल करने में पीछे नहीं हैं। दुनिया में डेटा की खपत का लगभग 20 प्रतिशत भारत उत्पन्न करता है। यही हमारी सबसे बड़ी ताकत है। 2. एआई में भारत का भविष्यजैसे भारत ने आईटी क्षेत्र में अपनी ताकत दिखा कर दुनिया की कंपनियों को सेवाएँ दीं, वैसा ही अब एआई के क्षेत्र में भी हो सकता है। ...
भुवनेश्वर में साइबर फ्रॉड का नया मामला: बुजुर्ग कपल पर डिजिटल अरेस्ट का डर, 1 करोड़ की मांग से बचे
technology

भुवनेश्वर में साइबर फ्रॉड का नया मामला: बुजुर्ग कपल पर डिजिटल अरेस्ट का डर, 1 करोड़ की मांग से बचे

भुवनेश्वर (ओडिशा): नयापल्ली इलाके में एक रिटायर्ड सीनियर NALCO ऑफिसर और उनकी पत्नी साइबर अपराधियों के जाल में फंसते-फंसते बाल-बाल बचे। अपराधियों ने उन्हें लगभग 35 घंटे तक 'डिजिटल अरेस्ट' में रखा और 1 करोड़ रुपये की मांग की। घटना के अनुसार, 9 फरवरी को कपल को एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को पटना का पुलिस अधिकारी बताया और आरोप लगाया कि उनके आधार कार्ड का आतंकवाद और मनी लॉन्ड्रिंग में गलत इस्तेमाल हो रहा है। स्कैमर्स ने उन्हें धमकी दी कि अगर तुरंत पैसे नहीं दिए गए तो उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। आरोपियों ने वीडियो कॉल पर पुलिस की वर्दी पहने अन्य लोगों को दिखाकर डर पैदा किया। कपल को घर से बाहर नहीं निकलने की चेतावनी दी गई और उन्हें बताया गया कि उनके खिलाफ अरेस्ट वारंट पहले ही जारी हो चुका है। अपराधियों ने दावा किया कि उनके नाम पर जम्मू-कश्मीर में HDFC बैंक अकाउंट खुला है ...
दिल्ली-गुजरात की दूरी मिटाई, 1200 किमी दूर से 4 मरीजों का सफल ऑपरेशन
technology

दिल्ली-गुजरात की दूरी मिटाई, 1200 किमी दूर से 4 मरीजों का सफल ऑपरेशन

नई दिल्ली: टेक्नोलॉजी और मेडिकल की दुनिया में एक नया मील का पत्थर स्थापित हुआ है। दिल्ली में मौजूद गंगाराम अस्पताल के चार मरीजों की सर्जरी गुजरात के वापी शहर से ही पूरी हुई। 5G हाई-स्पीड इंटरनेट और टेली रोबोटिक तकनीक की मदद से सर्जन ने ऑपरेशन थियेटर में मौजूद हुए बिना ही मरीजों का सफल ऑपरेशन किया। टेली रोबोटिक सर्जरी: कैसे संभव हुआ कारनामा ऑपरेशन के दौरान सर्जन ने रोबोटिक सिस्टम के कंसोल पार्ट से मरीजों के शरीर में लगे इंस्ट्रूमेंट्स को नियंत्रित किया। इस प्रक्रिया में चार अलग-अलग सर्जनों ने चार मरीजों की अलग-अलग सर्जरी सफलतापूर्वक अंजाम दी। पहली सर्जरी: डॉक्टर विपीन त्यागी – किडनी की रूकावट दूसरी सर्जरी: डॉक्टर तरुण मित्तल – गॉल ब्लैडर तीसरी सर्जरी: डॉक्टर अनमोल आहूजा – हर्निया चौथी सर्जरी: डॉक्टर मुकुंद खेतान – गॉल ब्लैडर डॉक्टर विपीन त्यागी ने बताया कि यह प...
ब्रैड पिट और टॉम क्रूज की फाइट भी अब असली-नकली में नहीं कर पाएगा फर्क, Bytedance का नया AI मॉडल Seedance 2.0
technology

ब्रैड पिट और टॉम क्रूज की फाइट भी अब असली-नकली में नहीं कर पाएगा फर्क, Bytedance का नया AI मॉडल Seedance 2.0

बीजिंग: सोशल मीडिया और डिजिटल कंटेंट की दुनिया में असली और नकली का फर्क मिटाने वाला नया AI मॉडल अब सामने आ गया है। TikTok की पैरेंट कंपनी ByteDance ने अपना नया वीडियो जेनरेशन मॉडल Seedance 2.0 पेश किया है, जो टेक्स्ट, इमेज और ऑडियो को मिलाकर प्रोफेशनल फिल्म, विज्ञापन और ई-कॉमर्स कंटेंट बनाने में सक्षम है। Seedance 2.0: AI का नया आयाम इस मॉडल की खासियत यह है कि यह कुछ ही प्रॉम्प्ट में सिनेमैटिक स्टोरीलाइन और हाई-क्वालिटी वीडियो तैयार कर देता है। सोशल मीडिया पर इसके कई वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिनमें ब्रैड पिट और टॉम क्रूज की फाइट भी शामिल है। वीडियो में एपस्टीन फाइलों के इर्द-गिर्द डायलॉग चलते हैं, लेकिन देखने वालों को यह पता लगाना मुश्किल हो जाता है कि वीडियो असली है या AI द्वारा बनाया गया। वीडियो में असली और नकली का फर्क नामुमकिन डिजिटल फिल्म डायरेक्टर लू हुआंग ने कहा, "मैंने सात साल ...
2026 में भी घर में लैंडलाइन क्यों जरूरी? स्मार्टफोन के दौर में ये 4 बड़े फायदे
technology

2026 में भी घर में लैंडलाइन क्यों जरूरी? स्मार्टफोन के दौर में ये 4 बड़े फायदे

नई दिल्ली: आज के मोबाइल युग में अधिकतर लोग सिर्फ मोबाइल फोन पर ही निर्भर हैं। कई घरों में लैंडलाइन फोन अब कहीं नजर नहीं आते। लोगों को लगता है कि अब लैंडलाइन की जरूरत नहीं है, लेकिन ऐसा सोचना बड़ी गलती हो सकती है। लैंडलाइन केवल एक पुराना डिवाइस नहीं, बल्कि आपातकालीन स्थिति में एक जीवनरक्षक उपकरण है। 1. बिना बिजली के भी काम करता है मोबाइल फोन बिजली जाने पर तुरंत डिस्चार्ज हो जाते हैं। जबकि लैंडलाइन फोन बिजली जाने के बावजूद काम करता है क्योंकि इसे सीधे फोन लाइन से बिजली मिलती है। इस वजह से आंधी-तूफान या अन्य इमरजेंसी में लैंडलाइन फोन एक भरोसेमंद साधन साबित होता है। 2. कॉल ड्रॉप की समस्या नहीं मोबाइल की तुलना में, लैंडलाइन में कॉल ड्रॉप की संभावना बेहद कम होती है। इसकी साउंड क्वालिटी भी बेहतर होती है और उम्रदराज लोगों के लिए इसे चलाना आसान होता है। 3. पैसों की बचत अगर घर में चार लोग हैं ...
स्मार्टफोन में सालों पुराना सिम? बदलने पर मिलेंगे ये 5 बड़े फायदे
technology

स्मार्टफोन में सालों पुराना सिम? बदलने पर मिलेंगे ये 5 बड़े फायदे

नई दिल्ली: कई लोग यह नहीं जानते कि उनके पुराने सिम कार्ड की वजह से उनके स्मार्टफोन में हीटिंग, बैटरी ड्रेन और नेटवर्क समस्याएँ हो सकती हैं। सालों-साल एक ही सिम इस्तेमाल करने की बजाय समय-समय पर सिम अपग्रेड कराना न केवल फोन के प्रदर्शन के लिए जरूरी है, बल्कि यह सुरक्षा और इंटरनेट एक्सपीरियंस को भी बेहतर बनाता है। 1. तेज इंटरनेट स्पीड पुराने सिम कार्ड नई नेटवर्क टेक्नोलॉजी को पूरी तरह सपोर्ट नहीं करते। इसके कारण कई बार यूजर्स को स्लो इंटरनेट स्पीड का सामना करना पड़ता है। सिम अपग्रेड करने पर आप तेज और स्थिर इंटरनेट का लाभ उठा सकते हैं। 2. स्मूद कॉलिंग एक्सपीरियंस अगर कॉल बार-बार ड्रॉप हो रही है, तो अक्सर इसका कारण पुराना सिम कार्ड होता है। टेलीकॉम कंपनियां अपने नेटवर्क को अपग्रेड करती हैं और नए सिम उसी के अनुरूप बनाए जाते हैं। अपग्रेडेड सिम कॉल ड्रॉप की समस्या को कम करता है। 3. सिम हैकिंग...