
नई दिल्ली: बांग्लादेश के भारत में टी20 वर्ल्ड कप 2026 में हिस्सा न लेने के विवाद ने अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में नई हलचल पैदा कर दी है। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) ने बांग्लादेश का समर्थन करते हुए भारत से मैच शिफ्ट करने की मांग की है और संकेत दिए हैं कि अगर बांग्लादेश को टूर्नामेंट से बाहर किया गया तो पाकिस्तान भी खेल पर दोबारा विचार करेगा।
पाकिस्तान की रणनीति:
पाकिस्तान के इस रुख के पीछे माना जा रहा है कि वह बांग्लादेश को अपने खेमे में लाकर एशियाई क्रिकेट में भारतीय क्रिकेट बोर्ड (BCCI) के प्रभुत्व को कम करना चाहता है। वहीं, इसका एक उद्देश्य भारत में आयोजित होने वाले टूर्नामेंट को भी डिरेल करना बताया जा रहा है।
बांग्लादेश का रुख:
बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने भारत आने से इनकार किया था। इसके पीछे बांग्लादेश सरकार के दबाव और सुरक्षा चिंताओं का हवाला दिया गया। सूत्रों के अनुसार, मोहसिन नकवी के नेतृत्व वाले पाकिस्तान बोर्ड ने बांग्लादेश को राजनयिक और क्रिकेट दोनों स्तर पर समर्थन दिया है।
पाकिस्तानी मीडिया की पुष्टि:
जियो सुपर और टेलिकॉमएशिया.नेट सहित पाकिस्तानी मीडिया आउटलेट्स ने भी इसे वैध ठहराया है। पाकिस्तान ने कहा कि वह पड़ोसी की सुरक्षा चिंताओं का सम्मान करता है और भारत पर किसी दबाव में ना आए इसके लिए हालात लगातार मॉनिटर कर रहा है।
आईसीसी ने दी अंतिम डेडलाइन:
आईसीसी ने बांग्लादेश को 21 जनवरी तक अंतिम फैसला करने की चेतावनी दी है। यदि बांग्लादेश तय समय तक भारत में मैच खेलने से इनकार करता है, तो उसकी जगह दूसरी टीम का नाम घोषित कर दिया जाएगा।
स्थिति का अंदेशा:
अभी तक मिले संकेतों के अनुसार, बांग्लादेश सरकार अपने क्रिकेट बोर्ड पर दबाव बनाए हुए है और इससे संभावना है कि बांग्लादेश टी20 वर्ल्ड कप से बाहर हो सकता है।
इस विवाद ने टी20 वर्ल्ड कप के आयोजन पर राजनीतिक और कूटनीतिक जटिलताओं की झलक दिखाई है। अब पूरी दुनिया की निगाहें इस पर लगी हुई हैं कि बांग्लादेश और पाकिस्तान का रुख क्या रहेगा और भारत इसका सामना कैसे करता है।