Thursday, January 15

दोपहिया वाहनों की बिक्री दो करोड़ के पार, टीवीएस को सबसे ज्यादा फायदा, बजाज को झटका

नई दिल्ली। देश में दोपहिया वाहनों की बिक्री में एक बार फिर मजबूती देखने को मिली है। वर्ष 2025 में भारत में मोटरसाइकिल और स्कूटर की कुल बिक्री 2 करोड़ यूनिट के पार पहुंच गई। भारतीय ऑटोमोबाइल निर्माताओं के संगठन (SIAM) के आंकड़ों के अनुसार, यह बिक्री 2024 की करीब 1.9 करोड़ यूनिट की तुलना में लगभग 5 प्रतिशत अधिक रही। हालांकि, यह आंकड़ा अभी भी 2018 के रिकॉर्ड 2.1 करोड़ यूनिट से कम है।

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घरेलू बिक्री के साथ-साथ निर्यात में भी जबरदस्त बढ़ोतरी दर्ज की गई। वर्ष 2025 में दोपहिया वाहनों का निर्यात 24.2 प्रतिशत बढ़कर रिकॉर्ड 49.4 लाख यूनिट पर पहुंच गया। अफ्रीकी देशों में बाजार की रिकवरी, दक्षिण एशिया में लगातार बनी मांग और मोटरसाइकिल सेगमेंट में तेजी ने निर्यात को मजबूती दी।

टीवीएस को सबसे ज्यादा फायदा

कंपनियों के प्रदर्शन की बात करें तो हीरो मोटोकॉर्प देश की सबसे बड़ी दोपहिया वाहन निर्माता बनी रही। 2025 में कंपनी की बिक्री 2 प्रतिशत बढ़कर 57.5 लाख यूनिट रही। वहीं, होंडा मोटरसाइकिल एंड स्कूटर इंडिया की बिक्री भी करीब 2 प्रतिशत की बढ़त के साथ 54 लाख यूनिट तक पहुंच गई।

सबसे ज्यादा फायदा टीवीएस मोटर कंपनी को हुआ। कंपनी की बिक्री में 15.7 प्रतिशत की जोरदार बढ़ोतरी दर्ज की गई और कुल बिक्री 39.8 लाख यूनिट रही। इसके विपरीत, टॉप-5 कंपनियों में बजाज ऑटो इकलौती ऐसी कंपनी रही, जिसकी बिक्री में गिरावट आई। बजाज ऑटो की बिक्री 5.1 प्रतिशत घटकर 22.2 लाख यूनिट रह गई। वहीं, सुजुकी मोटरसाइकिल इंडिया की बिक्री 10.8 प्रतिशत बढ़कर 11.3 लाख यूनिट हो गई।

क्यों बढ़ी दोपहिया वाहनों की मांग?

SIAM के अनुसार, शहरी और ग्रामीण—दोनों ही बाजारों में मांग में इजाफा हुआ है, हालांकि शहरी इलाकों में ग्रोथ अधिक देखने को मिली। इसका सीधा असर स्कूटर सेगमेंट पर पड़ा, जहां बिक्री की रफ्तार मोटरसाइकिल के मुकाबले तेज रही।

विशेषज्ञों का कहना है कि GST 2.0, इनकम टैक्स में राहत और रेपो रेट में कटौती जैसे सरकारी कदमों से वाहन खरीदना लोगों के लिए आसान हुआ है। साथ ही, शहरी क्षेत्रों में त्योहारी सीजन और बेहतर फाइनेंसिंग विकल्पों ने दोपहिया वाहनों की बिक्री को नई गति दी है।

 

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