
नई दिल्ली: दिल्ली के सराफा बाजार में कीमती धातुओं के भाव में लगातार उछाल देखने को मिल रहा है। मंगलवार को चांदी की कीमतों ने 6,000 रुपये की तेजी के साथ 2,71,000 रुपये प्रति किलो का नया रिकॉर्ड स्थापित किया। चांदी ने सिर्फ तीन कारोबारी सत्रों में कुल 27,500 रुपये की छलांग लगाई है। वहीं, सोने के भाव भी लगातार बढ़ते हुए 1,45,000 रुपये प्रति 10 ग्राम के उच्चतम स्तर पर पहुँच गए।
चांदी में लगातार तेजी
अखिल भारतीय सराफा संघ के अनुसार, चांदी ने लगातार तीसरे दिन अपनी बढ़त जारी रखी। सोमवार को चांदी 15,000 रुपये यानी 6 प्रतिशत की उछाल के साथ 2,65,000 रुपये प्रति किलो पर पहुंची थी। शुक्रवार को यह 2,50,000 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई थी। इस साल की शुरुआत से अब तक चांदी ने कुल 32,000 रुपये यानी 13.4 प्रतिशत की तेजी दर्ज की है।
सोने ने भी रिकार्ड तोड़ा
सोने के भाव भी तेजी की लहर पर रहे। 99.9% शुद्धता वाले सोने के भाव मंगलवार को 400 रुपये बढ़कर 1,45,000 रुपये प्रति 10 ग्राम (सभी टैक्स सहित) के नए रिकॉर्ड स्तर पर पहुँच गए।
बढ़ती भू–राजनीतिक अनिश्चितता का असर
सराफा कारोबारियों का कहना है कि कीमतों में यह उछाल बढ़ती भू-राजनीतिक अनिश्चितता और सुरक्षित निवेश की लगातार बढ़ती मांग के कारण आया है। एचडीएफसी सिक्योरिटीज के सीनियर एनालिस्ट (जिंस) सौमिल गांधी के अनुसार, “कीमती धातुओं में रिकॉर्ड-तोड़ तेजी जारी है, जिसे सुरक्षित परिसंपत्तियों की बढ़ती मांग का समर्थन मिल रहा है। हाल ही में ईरान को लेकर पैदा हुए भू-राजनीतिक तनाव ने भी इस तेजी को बढ़ावा दिया है।”
वैश्विक बाजारों में भी मजबूती
वैश्विक स्तर पर भी सोने और चांदी के भाव मजबूती के साथ बढ़ रहे हैं। सोमवार को सोने का हाजिर भाव 4,630.47 डॉलर प्रति औंस के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंचा। हालांकि, मंगलवार को यह 4,586.49 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। वहीं, हाजिर चांदी 86.60 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर पहुंच गई।
आगे की राह
विशेषज्ञों का कहना है कि अमेरिकी डॉलर सूचकांक के स्तर, अमेरिका में खुदरा महंगाई और नए घरों की बिक्री के आंकड़ों के आधार पर कीमती धातुओं के भाव में अल्पावधि में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
सरल भाषा में समझें
जब दुनिया में अनिश्चितता बढ़ती है, तो निवेशक अपने पैसे को सुरक्षित परिसंपत्तियों जैसे सोना और चांदी में लगाना पसंद करते हैं। इससे इन धातुओं की मांग और कीमतें दोनों बढ़ जाती हैं।