
सीधी: सीधी जिले के बहरी दौरे के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मिलने को तड़पती हुई बैगा समाज की बेटी अनामिका बैगा का भावुक दृश्य सामने आया। डॉक्टर बनने के अपने सपने को साकार करने की गुहार लगाने आई अनामिका को भारी सुरक्षा व्यवस्था और अधिकारियों की अनदेखी के कारण मंच तक नहीं पहुंचने दिया गया।
सुरक्षा कर्मियों ने मिलने से रोका
अनामिका ने बताया कि वह डॉक्टर बनने की ख्वाहिश रखती है और अपनी पढ़ाई के लिए आर्थिक सहायता मुख्यमंत्री से मांगना चाहती थी। उसके पिता की आर्थिक स्थिति कमजोर है। वह पहले भी दो बार कलेक्टर और अपने क्षेत्रीय विधायक कुंवर सिंह टेकाम से मिल चुकी थी, लेकिन किसी ने उसकी सुनवाई नहीं की। शुक्रवार को मुख्यमंत्री के बहरी दौरे के दौरान अनामिका ने उनसे मिलने की कोशिश की, लेकिन सुरक्षा कर्मियों द्वारा रोके जाने पर फफक-फफक कर रोने लगी और मीडिया के सामने अपनी व्यथा सुनाई।
डॉक्टर बनने का सपना
अनामिका ने कहा, “मेरे पिता मुझे पढ़ा नहीं पाएंगे। मैं डॉक्टर बनना चाहती हूं। मुख्यमंत्री से मिलकर अपनी पढ़ाई के लिए आर्थिक मदद मांगना चाहती थी, लेकिन मुझे जाने नहीं दिया गया। सरकार बेटियों की हितैषी बनी हुई है, ऐसे में मैं अपने सपने को पूरा करना चाहती हूं।”
कलेक्टर और विधायक से भी मिल चुकी
अनामिका ने बताया कि वह पहले भी दो बार कलेक्टर और अपने क्षेत्रीय विधायक से मिल चुकी थी, लेकिन उसकी बात किसी ने नहीं सुनी। मुख्यमंत्री से नहीं मिल पाने पर उसका सपना फिलहाल अधूरा रह गया।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सीधी जिले की सिंहावल विधानसभा क्षेत्र के बहरी में 209 विकास कार्यों का भूमिपूजन एवं लोकार्पण किया, जिनकी कुल लागत 201.64 करोड़ रुपये बताई गई है।