
ब्रिटेन की राजधानी लंदन से ग्रूमिंग गैंग से जुड़ा एक गंभीर और सनसनीखेज मामला सामने आया है। वेस्ट लंदन के हाउंस्लो इलाके में एक 16 वर्षीय सिख नाबालिग लड़की के अपहरण और उसके साथ यौन उत्पीड़न के आरोप लगे हैं। इस घटना के सामने आने के बाद सिख समुदाय में भारी आक्रोश फैल गया और करीब 200 सिखों ने एक फ्लैट पर प्रदर्शन करते हुए धावा बोला, जिसके बाद पुलिस ने संदिग्ध आरोपी को हिरासत में ले लिया।
घटना के बाद लड़की को सुरक्षित उसके परिवार के पास वापस भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और सभी आरोपों की कानूनी प्रक्रिया के तहत पड़ताल की जा रही है।
सिख प्रेस एसोसिएशन का दावा
सिख प्रेस एसोसिएशन के अनुसार, आरोपी की उम्र लगभग 40 साल बताई जा रही है और वह हाउंस्लो इलाके में रहता है। आरोप है कि उसने लंबे समय से नाबालिग लड़की को बहला-फुसलाकर अपने जाल में फंसाया। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि आरोपी ने पीड़िता से संपर्क तब शुरू किया था, जब वह केवल 13 साल की थी।
एसोसिएशन का कहना है कि आरोपी कम उम्र की लड़कियों को दोस्ती के बहाने निशाना बनाता था और इसी तरीके से पीड़िता को घर से बाहर ले जाने में सफल हुआ।
सोशल मीडिया वीडियो से भड़का आक्रोश
यह मामला उस समय तूल पकड़ गया, जब घटना से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। वीडियो में सिख समुदाय के लोग आरोपी के खिलाफ नारेबाजी करते और पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग करते नजर आए। इसके बाद घंटों तक प्रदर्शन चला और अंततः पुलिस आरोपी को एक वैन में ले जाती दिखाई दी।
स्थानीय निवासियों ने भी आरोपी के व्यवहार को संदिग्ध बताया है। एक पड़ोसी ने मीडिया से कहा कि आरोपी को पहले भी नाबालिग लड़कियों के साथ देखा गया था, जिससे इलाके में डर का माहौल था।
ग्रूमिंग गैंग पर फिर उठे सवाल
यह मामला ऐसे समय सामने आया है, जब ब्रिटेन में ग्रूमिंग गैंग्स को लेकर पहले से ही राजनीतिक और सामाजिक बहस तेज है। पूर्व गृह मंत्री प्रीति पटेल और कई अन्य सार्वजनिक हस्तियां अतीत में ग्रूमिंग मामलों पर सख्त कार्रवाई की मांग कर चुकी हैं। उद्योगपति एलन मस्क भी ब्रिटेन सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए इन अपराधों पर कठोर रुख अपनाने की बात कह चुके हैं।
राष्ट्रीय स्तर पर जांच की घोषणा
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर ने पिछले साल जून में देशभर में ग्रूमिंग गैंग्स को लेकर राष्ट्रीय स्तर की जांच की घोषणा की थी। उन्होंने कहा था कि पूरे यूके में हजारों नाबालिग लड़कियां यौन शोषण का शिकार हुई हैं और सरकार दोषियों को सख्त सजा दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।
जागरूकता अभियान तेज
यूके में सक्रिय सिख संगठनों, जिनमें सिख यूथ यूके (SYUK) भी शामिल है, ने ऐसे मामलों से निपटने के लिए देशव्यापी जागरूकता अभियान शुरू किया है। इसके तहत स्कूलों और समुदायों में सेमिनार आयोजित कर बच्चों और अभिभावकों को ग्रूमिंग के खतरों के प्रति सतर्क किया जा रहा है।