
अयोध्या। अयोध्या की अनवरत रामलीला मंडलियों के कलाकारों का पारिश्रमिक बढ़ा दिया गया है। अंतरराष्ट्रीय रामायण एवं वैदिक शोध संस्थान की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम के लिए कलाकारों और मंडलियों का मानदेय अब प्रति मंडली 17,500 रुपये और 25,000 रुपये कर दिया गया है। इससे पहले प्रत्येक मंडली को मात्र 8,500 रुपये ही मिलते थे।
संस्थान के सीईओ आशुतोष द्विवेदी ने बताया कि सामान्य मंडलियों के कलाकारों को 700 रुपये प्रति कलाकार और राष्ट्रीय स्तर की मंडलियों को 1,000 रुपये प्रति कलाकार के हिसाब से भुगतान किया जाएगा। इस प्रकार, 15 दिनों तक मंचन करने पर कलाकारों को कुल 17,500 रुपये और 25,000 रुपये मिलेंगे।
अनवरत रामलीला का मंचन तुलसी स्मारक भवन के नवनिर्मित परिसर में बेहतर सुविधाओं के साथ किया जा रहा है। बाहर से आने वाली मंडलियों को आवास, भोजन और यात्रा का खर्च भी प्रदान किया जाता है। संस्कृति विभाग ने इसके सालाना बजट को 40 लाख रुपये से बढ़ाकर 1 करोड़ रुपये कर दिया है।
ज्ञात हो कि यह रामलीला वर्ष 2004 में शुरू हुई थी। अखिलेश यादव के शासनकाल में बजट की कमी के कारण यह ढाई साल तक बंद रही। 2017 में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यकाल में इसे फिर से शुरू किया गया और तब से अनवरत मंचन हो रहा है।
रामलीला मंडलियों का चयन डीएम की अध्यक्षता में गठित चयन समिति करती है। सालभर के लिए 26 मंडलियों का चयन किया जाता है। प्रत्येक मंडली को 15 दिनों तक लगातार मंचन करने का अवसर मिलता है, जिससे पूरे वर्ष रामलीला का आयोजन निरंतर जारी रह सके।