
हरिद्वार: उत्तराखंड के हरिद्वार में आगामी कुंभ 2027 की तैयारियों के बीच हर की पैड़ी समेत 105 घाटों पर गैर हिंदुओं के प्रवेश पर चर्चा ने सुर्खियां बटोरीं। इस मामले पर कई तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आईं, जबकि कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में यह भ्रम फैलाया गया कि राज्य सरकार इस संबंध में नया आदेश जारी करने जा रही है।
हरिद्वार नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि यह कोई नया निर्णय नहीं है, बल्कि मैन्युअल्स में अंकित यह प्रावधान आजादी के पहले से मौजूद है। नगर आयुक्त नंदन कुमार ने बताया कि हर की पैड़ी क्षेत्र में काम के सिलसिले में आने वाले अधिकारी और कर्मचारियों को छोड़कर अन्य गैर हिंदुओं का प्रवेश पहले से ही प्रतिबंधित है। इसे किसी नई सरकारी नीति या ताजा आदेश के रूप में प्रस्तुत करना तथ्यात्मक रूप से सही नहीं है।
नगर आयुक्त ने बताया कि मैन्युअल के पॉइंट नंबर 20 में स्पष्ट रूप से हर की पैड़ी क्षेत्र में गैर हिंदुओं के प्रवेश को लेकर नियम अंकित हैं। यह प्रावधान धार्मिक परंपराओं और हर की पैड़ी की गरिमा की रक्षा के लिए बनाया गया है।
नगर निगम प्रशासन ने मीडिया से अपील की है कि किसी भी संवेदनशील विषय पर खबर प्रकाशित करने से पहले तथ्यों की पूरी जांच की जाए, ताकि जनता में भ्रम उत्पन्न न हो।