
नई दिल्ली/वाराणसी। वाराणसी में गंगा नदी के किनारे बनाई गई टेंट सिटी को नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) ने अवैध करार दिया है। एनजीटी ने इस मामले में दो कंपनियों, प्रवेग कम्युनिकेशंस (इंडिया) लिमिटेड और निराण कंपनी, पर भारी जुर्माना लगाया है।
जुर्माना की राशि
एनजीटी की प्रिंसिपल बेंच ने उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (UPPCB) को आदेश दिया है कि तीन महीने के भीतर दोनों कंपनियों से 17.20 लाख रुपये का जुर्माना वसूल किया जाए।
अवैध निर्माण और पर्यावरणीय नुकसान
एनजीटी के फैसले में यह स्पष्ट किया गया कि इन कंपनियों ने गंगा नदी के किनारे टेंट सिटी बिना किसी मंजूरी के बनाई थी, जो पर्यावरण नियमों का उल्लंघन करती है। इसके परिणामस्वरूप गंगा में प्रदूषण बढ़ा और जलीय जीवन को नुकसान हुआ। एनजीटी ने यह भी कहा कि भविष्य में गंगा और इसकी सहायक नदियों के किनारे ऐसी टेंट सिटी का निर्माण नहीं किया जाएगा।
टेंट सिटी का विस्तार
प्रवेज कम्युनिकेशंस (इंडिया) लिमिटेड ने 20 हेक्टेयर में 140 टेंट लगाए थे, जबकि निराण कंपनी ने 10 हेक्टेयर में 120 टेंट लगाए थे। इन दोनों कंपनियों पर एनजीटी ने जुर्माना लगाया है।