
रांची। झारखंड में कड़ाके की ठंड ने लोगों की दिनचर्या को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। राज्य के कई जिलों में शीत दिवस और शीतलहर की स्थिति बनी हुई है। खासकर पश्चिमी और उससे सटे मध्य झारखंड में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे चला गया है। खूंटी जिले के तोरपा और रांची के कांके क्षेत्र में ठंड ने रिकॉर्ड तोड़ असर दिखाया है।
तोरपा सबसे ठंडा, कांके भी बेहाल
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी), रांची के प्रभारी अभिषेक आनंद ने बताया कि बुधवार को राज्य में सबसे कम न्यूनतम तापमान खूंटी जिले के तोरपा में दर्ज किया गया, जहां पारा 2.1 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया। वहीं रांची के कांके क्षेत्र में न्यूनतम तापमान 2.7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
अन्य जिलों में भी ठंड का असर साफ दिखाई दिया। लोहरदगा में 3.7 डिग्री, डालटनगंज में 4.4 डिग्री, बोकारो में 6.6 डिग्री और जमशेदपुर में 7.6 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया।
10 जनवरी के बाद मिल सकती है राहत
मौसम विभाग के अनुसार अगले दो दिनों तक न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव होने की संभावना नहीं है। तापमान वर्तमान स्तर के आसपास ही बना रहेगा। हालांकि 10 जनवरी के बाद न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी होने की उम्मीद है, जिससे लोगों को ठंड से कुछ राहत मिल सकती है।
पश्चिमी विक्षोभ बना ठंड की वजह
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार उत्तर-पश्चिम भारत में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और पहाड़ी इलाकों में हुई बर्फबारी के कारण ठंडी हवाएं झारखंड तक पहुंच रही हैं। इसके चलते दिन में धूप निकलने के बावजूद तापमान में अपेक्षित बढ़ोतरी नहीं हो पा रही है।
सुबह के समय कोहरे का असर
राज्य के कई हिस्सों में सुबह 9 बजे तक हल्के से मध्यम स्तर का कोहरा छाया रहता है। मौसम विभाग ने लोगों को सुबह और शाम के समय विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। अत्यधिक आवश्यक होने पर ही घर से निकलने और पूरी तैयारी के साथ बाहर जाने की अपील की गई है।