
गाजियाबाद: शालीमार गार्डन इलाके में खुलेआम तलवार बांटने और दहशत फैलाने के मामले में पुलिस ने हिंदू रक्षा दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष भूपेंद्र उर्फ पिंकी चौधरी को उनके बेटे हर्ष के साथ गिरफ्तार किया। पुलिस ने बताया कि इससे पहले इस मामले में 10 अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका था।
पिंकी चौधरी कौन हैं?
भूपेंद्र शर्मा उर्फ पिंकी चौधरी, जिन्हें पिंकी भैया के नाम से भी जाना जाता है, 2013 में गाजियाबाद से हिंदू रक्षा दल का गठन कर चुके हैं। संगठन के दिल्ली-एनसीआर में लाखों सदस्य होने का दावा किया जाता है। पिंकी चौधरी का नाम कई विवादों में भी रहा है, जिनमें दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर हमला, जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय में 2020 की हिंसा, और गाजियाबाद के कौशांबी में आम आदमी पार्टी के दफ्तर पर हमले जैसे मामले शामिल हैं।
क्या हुआ था मामला?
29 दिसंबर को शालीमार गार्डन में हिंदू रक्षा दल के कार्यकर्ताओं ने तलवार और फरसे बांटकर गलियों में दहशत फैलाई। पुलिस ने पहले ही आठ तलवार बरामद की और 10 लोगों को गिरफ्तार किया था। पिंकी चौधरी और उनके बेटे समेत लगभग 15 आरोपी फरार थे।
वीडियो में पुलिस को धमकी
फरारी के दौरान पिंकी चौधरी ने दो वीडियो जारी कर पुलिस और प्रशासन को चुनौती दी थी। इसमें उन्होंने शासन-प्रशासन को मुंहतोड़ जवाब देने की धमकी दी थी।
गिरफ्तारी और न्यायिक हिरासत
मंगलवार को पुलिस ने पिंकी चौधरी और उनके बेटे हर्ष को शालीमार गार्डन से गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने उन्हें 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
परिवार की सुरक्षा की मांग
पिंकी चौधरी की बेटी ने पहले प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पुलिस पर आरोप लगाया कि उनके परिवार के साथ दुर्व्यवहार हुआ और मोबाइल फोन व निजी डेटा जब्त किया गया। इसी पर ध्यान देते हुए पंचदशनाम जूना अखाड़े के महामंडलेश्वर यति नरसिंहानंद गिरि ने पुलिस से आग्रह किया कि परिवार को परेशान न किया जाए।
यह मामला गाजियाबाद में कानून-व्यवस्था और हथियारों के खुले प्रदर्शन पर प्रशासन की सतर्कता की मांग को फिर से उजागर करता है।