
नई दिल्ली।
अंतरराष्ट्रीय बाजारों में बढ़ती अनिश्चितता और संभावित व्यापार युद्ध की आशंकाओं के बीच मंगलवार को सोना और चांदी की कीमतों में ज़बरदस्त उछाल दर्ज किया गया। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोना पहली बार प्रति 10 ग्राम 1.50 लाख रुपये के पार निकल गया, जबकि चांदी में एक ही दिन में 17,500 रुपये से अधिक की तेज़ी देखी गई।
MCX पर कहां पहुंचा भाव
MCX पर फरवरी डिलीवरी वाला सोना दोपहर करीब 2:30 बजे 4,300 रुपये से अधिक की तेजी के साथ प्रति 10 ग्राम 1.50 लाख रुपये के ऊपर कारोबार करता दिखा। दिन के कारोबार में इसमें 3 प्रतिशत से अधिक की बढ़त दर्ज की गई।
वहीं, मार्च डिलीवरी वाली चांदी ने भी नया रिकॉर्ड बनाया। चांदी की कीमत 17,500 रुपये से ज्यादा उछलकर प्रति किलो 3.27 लाख रुपये के पार पहुंच गई। मंगलवार दोपहर तक चांदी में करीब 5 प्रतिशत की तेजी आ चुकी थी।
तेजी की मुख्य वजह क्या है?
विशेषज्ञों के मुताबिक, सोने-चांदी में आई इस तेज़ी की सबसे बड़ी वजह अमेरिका और यूरोप के बीच संभावित व्यापार युद्ध की आशंका है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से टैरिफ लगाने की धमकियों ने वैश्विक बाजारों में डर का माहौल बना दिया है।
यूरोपीय देशों द्वारा ग्रीनलैंड को खरीदने के ट्रंप के प्रस्ताव का विरोध किए जाने के बाद टैरिफ की चेतावनी दी गई, जिससे निवेशक जोखिम भरे निवेश से दूर होकर सुरक्षित मानी जाने वाली संपत्तियों—सोना और चांदी—की ओर तेजी से बढ़े।
अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी रिकॉर्ड
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी कीमती धातुओं की कीमतें रिकॉर्ड स्तर के करीब पहुंच गईं।
एशियाई कारोबार के दौरान COMEX पर चांदी 94.74 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस के नए शिखर पर पहुंच गई। वहीं, सोना भी 4,670 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस के आसपास रिकॉर्ड स्तर के करीब बना रहा।
एएफपी के मुताबिक, वैश्विक बाजारों में जोखिम से बचने की प्रवृत्ति तेज हो गई है, जिसका सीधा फायदा सोने और चांदी को मिल रहा है।
आगे क्या और महंगे होंगे सोना–चांदी?
कीमतों के आगे के रुख पर बात करते हुए पृथ्वी फिनमार्ट के मनोज कुमार जैन ने कहा कि कीमती धातुओं में उतार-चढ़ाव जरूर बना रह सकता है, लेकिन इनकी मजबूती बरकरार रहने की संभावना है।
उनके अनुसार, अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी के लिए 84 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस और सोने के लिए 4,440 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस प्रमुख समर्थन स्तर बने हुए हैं।