Tuesday, March 3

Bihar

महाभारत का हवाला देते हुए पटना हाई कोर्ट ने बरकरार रखी फांसी, रोहतास ट्रिपल मर्डर मामला
Bihar, State

महाभारत का हवाला देते हुए पटना हाई कोर्ट ने बरकरार रखी फांसी, रोहतास ट्रिपल मर्डर मामला

पटना हाई कोर्ट ने भूमि विवाद में हुए निर्मम ट्रिपल मर्डर मामले में निचली अदालत द्वारा दी गई फांसी की सजा को बरकरार रखा है। न्यायमूर्ति राजीव रंजन प्रसाद और सौरेंद्र पांडे ने अपने फैसले में महाभारत का हवाला देते हुए कहा कि यह अपराध दुर्लभतम श्रेणी में आता है और दोषियों को उनके पाप/अपराध के अनुसार दंडित किया जाना चाहिए। मामले का संक्षिप्त विवरण रोहतास जिले के खुदराव गांव में लंबे समय से चले आ रहे पारिवारिक भूमि विवाद ने 13 जुलाई 2021 को एक भयानक रूप लिया। आरोपियों अमन सिंह और सोनल सिंह ने विजय सिंह और उनके बेटों दीपक सिंह और राकेश सिंह पर तलवारों और लाठियों से हमला किया। घायल पीड़ितों को चिकित्सा सहायता मिलने से पहले ही उनकी मृत्यु हो गई। इस घटना ने पूरे इलाके को हिलाकर रख दिया। निचली अदालत और हाई कोर्ट का रुख निचली अदालत ने 2 मई 2024 को अमन सिंह और सोनल सिंह को दोषी ठहराते हुए मृत्युदंड क...
शादी से ठीक पहले दुल्हन प्रेमी संग फरार, दूल्हा मंदिर में सेहरा बांधकर करता रहा इंतजार
Bihar, State

शादी से ठीक पहले दुल्हन प्रेमी संग फरार, दूल्हा मंदिर में सेहरा बांधकर करता रहा इंतजार

बिहार के बांका जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। जहां दुल्हन ने शादी से पहले अपने प्रेमी के साथ फरार होने का निर्णय लिया, और दूल्हा मंदिर में सेहरा बांधकर इंतजार करता रहा। जानकारी के अनुसार, शंभुगंज थाना क्षेत्र की एक युवती की शादी मुंगेर जिले के रघुनाथपुर निवासी अमित कुमार से तय थी। परिजनों ने पूरे उत्साह के साथ शादी की तैयारियाँ की थीं और विवाह स्थल के रूप में तारापुर स्थित प्रसिद्ध उल्टा महादेव मंदिर को चुना गया था। शादी से ठीक पहले दुल्हन का फरार होना निर्धारित समय पर दूल्हा बारात लेकर मंदिर पहुंचा, लेकिन शादी शुरू होने से पहले ही दुल्हन के गायब होने की खबर मिली। बाद में पता चला कि युवती शंभुगंज थाना क्षेत्र के छतहार गांव निवासी अपने प्रेमी विकास कुमार के साथ फरार हो गई है। मंदिर परिसर में यह खबर फैलते ही अफरा-तफरी मच गई। दूल्हा पक्ष खुद को ठगा हुआ महसूस करने लगा। दुल्हन के पर...
मौत का ‘इलेक्ट्रिक जाल’ बना बाघ के लिए मौत का कारण, VTR में हुई चूक पर उठे गंभीर सवाल
Bihar, State

मौत का ‘इलेक्ट्रिक जाल’ बना बाघ के लिए मौत का कारण, VTR में हुई चूक पर उठे गंभीर सवाल

पश्चिम चंपारण, 28 जनवरी 2026: बिहार के वाल्मीकि टाइगर रिजर्व (VTR) के मंगुराहा वनक्षेत्र से भटककर बाहर आए एक बाघ की मौत ने वन विभाग और स्थानीय किसानों की लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जानकारी के अनुसार, बाघ मंगुराहा वनक्षेत्र से निकलकर पुरैनिया गांव के पास गेहूं के खेत में पहुंचा। माना जा रहा है कि किसानों ने फसल बचाने के लिए खेतों में बिजली के तार बिछा रखे थे। बाघ के इन तारों के संपर्क में आने से उसकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और बाघ के शव को पोस्टमार्टम के लिए मंगुराहा वनक्षेत्र कार्यालय ले जाया गया। अधिकारियों ने बताया कि शव का अंतिम संस्कार वन विभाग के नियमानुसार किया जाएगा। इस घटना ने कई सवाल उठाए हैं—बाघ जंगल से बाहर कब और कैसे आया, वन विभाग को इसकी जानकारी क्यों नहीं हुई, और क्या जंगल से सटे रिहायशी इलाकों और खेतों में उसके मूवमेंट...
नवादा में खून से लथपथ मिला अधेड़ का शव पुलिस पहुंचते ही पत्नी मौके से फरार, हत्या की आशंका
Bihar, State

नवादा में खून से लथपथ मिला अधेड़ का शव पुलिस पहुंचते ही पत्नी मौके से फरार, हत्या की आशंका

नवादा।बिहार के नवादा जिले से एक सनसनीखेज घटना सामने आई है। नेमदारगंज थाना क्षेत्र के छोटी अम्मा गांव में मंगलवार की रात 43 वर्षीय व्यक्ति की संदिग्ध परिस्थितियों में हत्या कर दी गई। मृतक का शव खून से लथपथ हालत में मिलने से पूरे इलाके में दहशत का माहौल फैल गया। मृतक की पहचान छोटी अम्मा गांव निवासी गाजू चौधरी के रूप में हुई है। आशंका जताई जा रही है कि उसकी पीट-पीटकर हत्या की गई है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, जहां शव घर में ही पड़ा मिला। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के समय मृतक की पत्नी भी मौके पर मौजूद थी, लेकिन पुलिस के पहुंचते ही वह बहाना बनाकर फरार हो गई। डायल 112 की टीम ने बताया कि जब महिला से पुलिस वाहन में बैठने को कहा गया, तभी वह अचानक भाग निकली। पुलिस ने घायल अवस्था में गाजू चौधरी को सदर अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पहले से चल...
पीएम मोदी के प्रस्ताव पर नीतीश कुमार का साहसी रुख वही राजनीतिक स्टैंड, जिसके आगे अजित पवार भी हुए नतमस्तक
Bihar, Politics, State

पीएम मोदी के प्रस्ताव पर नीतीश कुमार का साहसी रुख वही राजनीतिक स्टैंड, जिसके आगे अजित पवार भी हुए नतमस्तक

पटना।बिहार की राजनीति में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को हमेशा एक ऐसे नेता के रूप में देखा गया है, जो सत्ता से अधिक सम्मान, सिद्धांत और राज्यहित को प्राथमिकता देते हैं। यही कारण है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के प्रस्ताव पर लिया गया उनका एक पुराना निर्णय आज भी देश की राजनीति में उदाहरण के तौर पर याद किया जाता है—एक ऐसा साहसिक स्टैंड, जिसकी सराहना बाद में एनसीपी प्रमुख अजित पवार ने भी सार्वजनिक रूप से की थी। 0वीं बार शपथ, पटना पहुंचे थे अजित पवार नवंबर 2025 में जब नीतीश कुमार ने 10वीं बार बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली, तब यह समारोह ऐतिहासिक बन गया। पटना के गांधी मैदान में आयोजित इस भव्य कार्यक्रम में महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और एनसीपी नेता अजित पवार विशेष रूप से उपस्थित हुए। इस अवसर पर अजित पवार ने कहा था— “नीतीश कुमार का 10वीं बार मुख्यमंत्री बनना न केवल बिहार, बल्कि भारतीय राजनी...
दरभंगा को जल्द मिलेगा चमचमाता बस स्टैंड फोर लेन आमस–दरभंगा पथ सहित 138 करोड़ की विकास सौगात
Bihar, Politics, State

दरभंगा को जल्द मिलेगा चमचमाता बस स्टैंड फोर लेन आमस–दरभंगा पथ सहित 138 करोड़ की विकास सौगात

दरभंगा।बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की समृद्धि यात्रा के दूसरे चरण में मिथिलांचल के केंद्र दरभंगा को विकास की बड़ी सौगात मिली। मुख्यमंत्री ने जिले में 138 करोड़ रुपये से अधिक की 90 विकास योजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया। इनमें अत्याधुनिक बस पड़ाव, निर्माणाधीन दरभंगा एयरपोर्ट टर्मिनल और फोर लेन आमस–दरभंगा पथ जैसी प्रमुख परियोजनाएं शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने दरभंगा हवाई अड्डे पर पहुंचते ही सघन निरीक्षण कार्यक्रम की शुरुआत की और विकास कार्यों की गुणवत्ता व समयसीमा की स्वयं समीक्षा की। 105 करोड़ की 50 योजनाओं का शिलान्यास, 33 करोड़ की 40 योजनाओं का उद्घाटन मुख्यमंत्री ने बताया कि दरभंगा जिले में 105 करोड़ रुपये की 50 योजनाओं का शिलान्यास 33 करोड़ रुपये की 40 योजनाओं का उद्घाटनकिया गया है। इन योजनाओं से जिले की आधारभूत संरचना, परिवहन, स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार के क्षेत्...
अधूरा सपना, अधूरी कहानी  अजित पवार का बिहार प्रयोग भले ही असफल रहा
Bihar, Politics, State

अधूरा सपना, अधूरी कहानी अजित पवार का बिहार प्रयोग भले ही असफल रहा

पटना।महाराष्ट्र की राजनीति से बुधवार को एक अत्यंत दुखद और स्तब्ध कर देने वाली खबर सामने आई। बारामती के पास हुए भीषण विमान हादसे में महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अजित पवार का असामयिक निधन हो गया। इस दुर्घटना में विमान में सवार सभी छह लोगों की मौत की पुष्टि नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने की है।इस हृदयविदारक घटना के बाद देशभर में शोक की लहर दौड़ गई है। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, दोनों उपमुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव समेत राज्य के तमाम वरिष्ठ नेताओं ने गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए इसे भारतीय राजनीति के लिए अपूरणीय क्षति बताया है। चुनावी कार्यक्रम में जाते समय हुआ हादसा जानकारी के अनुसार, 66 वर्षीय अजित पवार बुधवार सुबह मुंबई से बारामती एक चुनावी जनसभा में शामिल होने जा रहे थे। लैंडिंग के दौरान उनका विमान अच...
अजित पवार का बिहार दांव, जो सफल होता तो एनसीपी बनती राष्ट्रीय सियासत की बड़ी ताकत
Bihar, Politics, State

अजित पवार का बिहार दांव, जो सफल होता तो एनसीपी बनती राष्ट्रीय सियासत की बड़ी ताकत

पटना।राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के प्रमुख अजित पवार के आकस्मिक निधन के साथ ही भारतीय राजनीति के एक ऐसे अध्याय पर विराम लग गया, जिसमें बड़े राजनीतिक प्रयोगों और अधूरे सपनों की छाया रही। बिहार की राजनीति में एनसीपी को स्थापित करने की उनकी कोशिश भी ऐसा ही एक प्रयोग थी, जो अगर सफल होता तो पार्टी को भाजपा और कांग्रेस जैसी राष्ट्रीय ताकतों की कतार में खड़ा कर सकता था। बिहार में एनसीपी का राजनीतिक सफर कभी भी मजबूत नहीं रहा। पार्टी के ढाई दशक से अधिक के अस्तित्व में वर्ष 2005 ही वह दौर रहा, जिसे एनसीपी के लिए ‘गोल्डन ईयर’ माना जाता है। इसके बाद बिहार में पार्टी लगातार हाशिये पर जाती चली गई। शुरुआती पकड़, फिर ढलान राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक, 1999 में कांग्रेस से अलग होकर बनी एनसीपी की बिहार में शुरुआत अपेक्षाकृत बेहतर रही थी। सीमांचल क्षेत्र—कटिहार और पूर्णिया—में पार्टी की मौजूदगी...
फाइल दबाने की कीमत चुकानी पड़ी भारी, समीक्षा बैठक में खुली पोल डिप्टी सीएम ने थमाया तत्काल निलंबन आदेश
Bihar, Politics, State

फाइल दबाने की कीमत चुकानी पड़ी भारी, समीक्षा बैठक में खुली पोल डिप्टी सीएम ने थमाया तत्काल निलंबन आदेश

पटना।बिहार सरकार में कार्य में लापरवाही और अनुशासनहीनता को लेकर अब कोई नरमी नहीं बरती जाएगी। उपमुख्यमंत्री सह नगर विकास एवं आवास मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने एक अहम प्रशासनिक फाइल को समय पर प्रस्तुत नहीं करने के मामले में विभाग के दो अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इस कार्रवाई से विभागीय महकमे में हड़कंप मच गया है और स्पष्ट संदेश गया है कि सरकारी कामकाज में ढिलाई अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निलंबित किए गए अधिकारियों में शाखा अधिकारी उमेश्वर कुमार सिंह और सहायक शाखा अधिकारी जितेंद्र कुमार शामिल हैं। दोनों पर आरोप है कि उन्होंने एक महत्वपूर्ण फाइल को जानबूझकर निर्धारित समय सीमा के भीतर आगे नहीं बढ़ाया, जिससे प्रशासनिक प्रक्रिया प्रभावित हुई। समीक्षा बैठक में सामने आई लापरवाही यह मामला करीब एक सप्ताह पहले उस समय उजागर हुआ, जब डिप्टी सीएम विजय सिन्हा विभाग की एक उच्चस्तरीय ...
बिहार में ‘जंगलराज’ के वे कारनामे, जिन्होंने नीतीश कुमार के सत्ता पथ को किया प्रशस्त
Bihar, Politics, State

बिहार में ‘जंगलराज’ के वे कारनामे, जिन्होंने नीतीश कुमार के सत्ता पथ को किया प्रशस्त

बिहार की राजनीति में ‘जंगलराज’ केवल एक चुनावी नारा नहीं रहा, बल्कि वह दौर रहा जिसने राज्य की कानून-व्यवस्था, प्रशासनिक क्षमता और शासन प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए। 1990 के बाद राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के शासनकाल में बढ़ते अपराध, जातीय नरसंहार, अपहरण उद्योग और व्यापक भ्रष्टाचार ने बिहार को राष्ट्रीय स्तर पर बदनामी के शिखर पर पहुंचा दिया। इन्हीं परिस्थितियों ने अंततः सत्ता परिवर्तन की जमीन तैयार की और नीतीश कुमार के उदय का मार्ग प्रशस्त हुआ। दिलचस्प तथ्य यह है कि ‘जंगलराज’ शब्द किसी राजनीतिक दल की उपज नहीं था। पहली बार इस शब्द का प्रयोग पटना हाईकोर्ट के एक न्यायाधीश ने राज्य सरकार की बदइंतजामी पर टिप्पणी करते हुए किया था। यह टिप्पणी किसी हत्या या बलात्कार जैसे गंभीर आपराधिक मामले की सुनवाई के दौरान नहीं, बल्कि राजधानी पटना में मॉनसून के दौरान जलजमाव और अव्यवस्थित सड़कों को लेकर की गई थी। ...