
आगरा। उत्तर प्रदेश के आगरा में सोशल मीडिया पर एक युवक का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें वह खुद को समाजवादी पार्टी (सपा) का नेता बताकर सड़कों पर गाड़ियों के काफिले के साथ ‘भौकाल’ दिखाता नजर आ रहा है। वायरल वीडियो में युवक की गाड़ी पर नंबर प्लेट की जगह जातिसूचक शब्द “यादव” लिखा हुआ दिखाई दे रहा है।
वीडियो के बैकग्राउंड में आपत्तिजनक संवाद बज रहा है— “जो डर गया सो मर गया… 1000 में हवलदार, 10 हजार में इंस्पेक्टर और 1 लाख में थाना खरीदने वाला सौदागर हूं मैं।” इस रील के सामने आने के बाद पुलिस ने तत्काल संज्ञान लेते हुए आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
जानकारी के अनुसार आरोपी की पहचान थाना जगदीशपुरा क्षेत्र की आवास विकास कॉलोनी निवासी दामा यादव के रूप में हुई है। बताया गया कि दामा यादव ने यह वीडियो अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर अपलोड किया था, जिसमें वह सपा का झंडा लगाकर कई गाड़ियों के साथ सड़कों पर चलता दिखाई दे रहा है।
वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। कई यूजर्स ने कमेंट करते हुए उसे “समाजवादी पार्टी का गुंडा” तक लिख दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार के निर्देश पर जगदीशपुरा थाना पुलिस ने एफआईआर दर्ज की।
पुलिस का कहना है कि आरोपी पहले भी इस तरह के वीडियो बना चुका है और उसकी गाड़ी पहले भी सीज की जा चुकी है। इसके बावजूद वह लगातार सोशल मीडिया पर इस प्रकार के भड़काऊ और नियमविरोधी वीडियो पोस्ट कर रहा था। पुलिस ने अब आरोपी के वाहन लाइसेंस को निरस्त कराने के लिए आरटीओ को रिपोर्ट भेज दी है।
इधर, इस पूरे मामले पर समाजवादी पार्टी ने खुद को अलग करते हुए सफाई दी है। सपा के महानगर अध्यक्ष शब्बीर अब्बास ने कहा कि दामा यादव पार्टी का कोई पदाधिकारी या नेता नहीं है। उन्होंने बताया कि पार्टी में उसे कोई नहीं जानता और यह व्यक्ति आगरा का भी नहीं लग रहा है।
फिलहाल पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी हुई है और वायरल वीडियो के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
