
प्रतापगढ़/नई दिल्ली (आलोक भदौरिया): प्रतापगढ़ की कुंडा सीट से विधायक रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया और उनकी पत्नी भानवी सिंह के बीच लंबे समय से चल रहे पारिवारिक विवाद में सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा आदेश जारी किया है। सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली हाईकोर्ट को निर्देश दिया है कि घरेलू हिंसा के इस मामले में अगले चार महीनों के भीतर फैसला सुनाया जाए।
भानवी सिंह ने दिल्ली पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें उन्होंने आरोप लगाया कि राजा भैया ने उनके साथ शारीरिक हिंसा की और अवैध हथियार भी रखे हुए हैं। वहीं राजा भैया ने इस पूरे मामले को राजनीतिक साजिश करार दिया।
मामला पहले फैमिली कोर्ट में चल रहा था, लेकिन बाद में हाईकोर्ट ने यह तय किया कि यह मामला विशेष एमपी-एमएलए कोर्ट में चलेगा, क्योंकि इसमें एक विधायक शामिल हैं।
केस की पृष्ठभूमि
भानवी सिंह और राजा भैया के बीच पारिवारिक कलह तब सार्वजनिक हुई जब भानवी सिंह ने राजा भैया के करीबी एमएलसी अक्षय प्रताप सिंह के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया। इसके बाद राजा भैया ने साकेत कोर्ट में अपनी पत्नी से तलाक की अर्जी दाखिल की। इसके जवाब में भानवी सिंह ने घरेलू हिंसा और मानसिक व शारीरिक प्रताड़ना का मामला दर्ज कराया।
सुप्रीम कोर्ट ने केस की मेरिट्स पर कोई टिप्पणी नहीं की है, लेकिन लोअर कोर्ट में राजा भैया के खिलाफ पहले जारी समन पर लगी रोक को हटाने या जारी रखने के विषय में दिल्ली हाईकोर्ट को चार महीने के भीतर निर्णय लेने का आदेश दिया है।