
वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर विवादित बयान देकर वैश्विक राजनीति में हलचल मचा दी है। ट्रंप ने क्यूबा को खुले तौर पर चेतावनी दी है और साथ ही अपने विदेश मंत्री मार्को रुबियो को क्यूबा का राष्ट्रपति बनाने के विचार का समर्थन किया है।
ट्रंप ने कहा कि क्यूबा को डील फाइनल करने में देर नहीं करनी चाहिए, अन्यथा उन्हें गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि अब वेनेजुएला से क्यूबा को तेल और वित्तीय सहायता नहीं मिलेगी। अमेरिका ने 3 जनवरी को वेनेजुएला पर हमला कर उसके नेता को गिरफ्तार किया है। क्यूबा लंबे समय से वेनेजुएला का सहयोगी रहा है और उसे तेल मिलता रहा है। ट्रंप ने इस सिलसिले में चेतावनी दी कि अमेरिका के नियंत्रण के बाद यह सप्लाई अब बंद कर दी जाएगी।
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “क्यूबा कई सालों तक वेनेजुएला से तेल और पैसे पर निर्भर रहा, बदले में उसने वेनेजुएला के पूर्व तानाशाहों को सुरक्षा प्रदान की। अब यह नहीं होगा। मेरी सलाह है कि बहुत देर होने से पहले डील कर लें।”
क्यूबा सरकार ने अभी तक ट्रंप के ताजा बयान पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। इससे पहले क्यूबा के राष्ट्रपति मिगुएल डियाज कैनेल ने वेनेजुएला में मारे गए 32 बहादुर क्यूबा सैनिकों को शाही वर्दी में सम्मानित करने की घोषणा की थी। ये कमांडो कई वर्षों से वेनेजुएला के राष्ट्रपति की सुरक्षा में तैनात थे।
साथ ही, ट्रंप ने अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो को क्यूबा का राष्ट्रपति बनाने का भी समर्थन किया। उन्होंने सोशल मीडिया पर रुबियो के राष्ट्रपति बनने के विचार को सकारात्मक बताया और लिखा, “मुझे यह विचार सुनने में अच्छा लग रहा है।” यह बयान विश्व राजनीति में व्यापक चर्चा का विषय बन गया है क्योंकि किसी देश के राष्ट्रपति पद पर अपने मंत्री को सुझाना विवादास्पद माना जा सकता है।