
प्रयागराज: संगम तट पर चल रहे माघ मेले में आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है। देश भर से श्रद्धालु यहाँ पहुंच रहे हैं, वहीं विदेशी भक्त भी भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा का अनुभव लेने आ रहे हैं। इसी कड़ी में इटली के मिलानो शहर से आई 22 वर्षीय लुक्रेसिया अपने पिता के साथ माघ मेले में शामिल हुई हैं।
लुक्रेसिया ने बताया कि भारत आकर उन्हें जो शांति और आध्यात्मिक सुकून मिलता है, वह कहीं और संभव नहीं है। वह इससे पहले भी वर्ष 2025 के महाकुंभ में प्रयागराज आ चुकी हैं और पवित्र त्रिवेणी संगम में स्नान कर चुकी हैं। उनका कहना है कि संगम तट पर पहुंचकर मन को अद्भुत शांति मिलती है और आत्मिक ऊर्जा का अनुभव होता है।
पिता के साथ लुकेसिया ने साधना और ध्यान किया
लुक्रेसिया अपने पिता के साथ रामपुरी सीतापुर के नैमिषारण्य से आए मनमौजी रामपुरी जी के शिविर में ठहरी हुई हैं। उन्होंने संतों के सान्निध्य में समय बिताया और भारतीय सनातन धर्म के दर्शन, साधना और आध्यात्मिक विचारों को करीब से समझा। संतों के अनुसार लुक्रेसिया का सनातन धर्म के प्रति आकर्षण लगातार बढ़ रहा है, यही वजह है कि वह बार-बार भारत आ रही हैं।
लुक्रेसिया ने साझा किया कि उनकी पहली मुलाकात बाबा से हुई थी और उनसे आध्यात्मिक जुड़ाव हो गया। उन्होंने कहा कि यहां का वातावरण बहुत सकारात्मक है, लोग सरल और आत्मीय हैं, और हर ओर शांति का अनुभव होता है। उनके पिता ने भी इस यात्रा को यादगार और आत्मिक अनुभव बताया।
सरकारी व्यवस्था को दी सराहना
माघ मेले में सरकार की व्यवस्थाओं पर लुक्रेसिया ने संतोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि स्थानीय प्रशासन और राज्य सरकार की ओर से की गई व्यवस्थाएं शानदार हैं। ट्रैफिक नियंत्रण बेहतर है, जिससे जाम जैसी समस्याओं का सामना नहीं करना पड़ रहा। सुरक्षा व्यवस्था भी प्रभावी है, जिससे श्रद्धालु सुरक्षित रूप से मेला का आनंद ले पा रहे हैं।