

इंदौर, 25 जुलाई। बलराम कृषि महोत्सव के दौरान जैविक एवं प्राकृतिक खेती से जुड़े किसानों ने अपने अनुभव साझा किए। कार्यक्रम में बताया गया कि जैविक खेती में 27 प्रतिशत से अधिक हिस्सेदारी के साथ मध्यप्रदेश देश में प्रथम स्थान पर है तथा राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन के तहत लाखों किसानों को इससे जोड़ा गया है।

खरगोन के किसान अनिल वर्मा ने बताया कि सफेद मूसली की खेती से मिली आय के बल पर उन्होंने अपने बेटे को अमेरिका में उच्च शिक्षा के लिए भेजा, जहां वह ओहियो विश्वविद्यालय में कंप्यूटर साइंस (एआई) में अध्ययन कर रहा है। वहीं जैविक किसान अविनाश दांगी ने बताया कि उनके जैविक उत्पाद देश के 13 राज्यों में भेजे जाते हैं और वे वर्षों से प्राकृतिक खेती कर रहे हैं।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किसानों से ऑनलाइन संवाद कर प्राकृतिक एवं उन्नत खेती अपनाने का आह्वान किया तथा किसानों की उपलब्धियों की सराहना की।
(सद्वार्ता)


