वेनेजुएला संकट: भारत से 10 गुना चीन फंसा, ट्रंप के कंट्रोल के बाद बीजिंग आउट, डूब सकते हैं 10 अरब डॉलर
नई दिल्ली: वेनेजुएला और चीन के बीच तेल और कर्ज का बड़ा समझौता संकट में फंस गया है। वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के सत्ता से हटने और अमेरिका द्वारा लगाए गए कड़े प्रतिबंधों के बाद यह साझेदारी अनिश्चित हो गई है।
चीन का कर्ज और वेनेजुएला का तेल
2000 के दशक की शुरुआत में चीन को अपनी बढ़ती अर्थव्यवस्था के लिए तेल की सख्त जरूरत थी, जबकि वेनेजुएला को पैसों की ज़रूरत थी। इसी समय चीन और वेनेजुएला ने कर्ज के बदले तेल का बड़ा समझौता किया। चीन ने वेनेजुएला को 100 अरब डॉलर से अधिक का कर्ज देने का वादा किया और बदले में तेल प्राप्त करने लगा। इस कर्ज से वेनेजुएला में रेलवे, बिजली घर और अन्य जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर बने।
अमेरिकी प्रतिबंध और स्थिति की गंभीरता
2017 में अमेरिका ने वेनेजुएला पर कड़े प्रतिबंध लगाए। अब अमेरिकी सेना ने तेल टैंकरों और बंदरगाहों को न...










