
सोने और चांदी के बाजार में सोमवार को जबरदस्त तेजी देखने को मिली। एमसीएक्स पर शुरुआती कारोबार में सोने के फरवरी वायदा में 2,000 रुपये प्रति 10 ग्राम का उछाल आया, जबकि चांदी के मार्च वायदा में कीमत 10,000 रुपये प्रति किलो बढ़ गई। सोने-चांदी में यह जोरदार तेजी अमेरिका और वेनेजुएला के बीच बढ़ते तनाव की वजह से आई।
विश्लेषकों के अनुसार, वैश्विक भू-राजनीतिक अनिश्चितता के समय निवेशक सुरक्षित निवेश की ओर भागते हैं और सोना तथा चांदी को ‘सुरक्षित आश्रय’ माना जाता है। अमेरिका द्वारा वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को पकड़े जाने के बाद यह निवेश का रुझान और बढ़ गया।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट सोने की कीमत 4,395.35 डॉलर प्रति औंस पर और चांदी 75.86 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई। अमेरिका में सोने के फरवरी वायदा 4,405.40 डॉलर पर कारोबार कर रहे थे, जो पिछले एक हफ्ते का उच्चतम स्तर है।
विशेषज्ञों का कहना है कि 2025 में सोने और चांदी ने शानदार प्रदर्शन किया था—चांदी में लगभग 147% और सोने में 65% की वृद्धि हुई थी, जो 1979 के बाद से सबसे बड़ी वार्षिक बढ़त थी।
इसके अलावा, अमेरिकी ब्याज दरों में कटौती की उम्मीदें और चीन द्वारा चांदी के परिष्कृत निर्यात पर प्रतिबंध जैसे कारक भी कीमतों में तेजी का कारण बने हैं।
विश्लेषक मानते हैं कि निकट भविष्य में वैश्विक राजनीतिक और आर्थिक अनिश्चितताओं के चलते सोने-चांदी के भाव में उतार-चढ़ाव जारी रहेगा।