
नई दिल्ली: दिल्ली में पिछले साल 1.60 लाख से ज्यादा चोरी की घटनाएँ हुईं, जो पहले के वर्षों की तुलना में कम हैं। यह आंकड़ा दिल्ली पुलिस ने जारी किया। पुलिस के अनुसार, ‘सेफ सिटी प्रोजेक्ट’ के तहत लगे कैमरों और डिजिटल डेटाबेस से अपराधियों पर नजर रखना आसान हुआ है, जिससे चोरी के मामलों में गिरावट आई है।
चोरी के मामलों में गिरावट:
स्पेशल सीपी क्राइम देवेश श्रीवास्तव के अनुसार, 2023 से 2025 तक की चोरी की वारदातों के तुलनात्मक आंकड़े यह दिखाते हैं कि दिल्ली में चोरी के मामलों में लगातार कमी आ रही है।
- सेंधमारी: 2023 – 6,916; 2024 – 8,965; 2025 – 6,617
- घर में चोरी: 2023 – 21,641; 2024 – 20,046; 2025 – 16,246
- वाहन चोरी: 2023 – 40,045; 2024 – 39,976; 2025 – 35,014
- अन्य चोरी: 2023 – 1,58,965; 2024 – 2,27,567; 2025 – 1,86,550
- कुल चोरी: 2023 – 1,02,906; 2024 – 1,60,783; 2025 – 1,17,563
आंकड़ों से पता चलता है कि 2023 की तुलना में 2025 में चोरी की वारदातों में लगभग 29% की कमी दर्ज की गई। 2024 में सेंधमारी में अचानक उछाल देखा गया था, लेकिन 2025 में इसमें लगभग 26% की गिरावट आई है।
गिरावट के पीछे के कारण:
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, ‘सेफ सिटी प्रोजेक्ट’ के तहत दिल्ली के गली–मोहल्लों में कैमरों का जाल बिछाया गया है। साथ ही अपराधियों का डेटाबेस डिजिटल होने से ‘हिस्ट्रीशीटर्स’ पर निगरानी आसान हुई है। संवेदनशील इलाकों में रात के समय पुलिस की मौजूदगी बढ़ाई गई और आई एंड ईयर स्कीम के जरिए नागरिकों का सहयोग भी प्राप्त हुआ।