
शहडोल: शहडोल पुलिस लाइन में पदस्थ 29 वर्षीय कॉन्स्टेबल शिशिर सिंह राजपूत ने बीती रात लगभग 1:25 बजे खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। शिशिर सिंह मूल रूप से जबलपुर जिले के निवासी थे और उन्हें अपने पिता के स्थान पर अनुकंपा नियुक्ति के तहत वर्ष 2013 में बाल आरक्षक के रूप में तैनात किया गया था। 2015 में 18 वर्ष की आयु पूर्ण होने के बाद वह नियमित आरक्षक बने।
जानकारी के अनुसार, आत्महत्या से कुछ समय पहले आरक्षक मोबाइल फोन पर किसी से बातचीत कर रहे थे। बातचीत के दौरान किसी बात को लेकर तनाव बढ़ गया और गुस्से में उन्होंने मोबाइल फोन जमीन पर फेंक दिया। इसके तुरंत बाद उन्होंने अपनी सर्विस राइफल से गर्दन के पास गोली मार ली, जो सिर से होकर पार हो गई। मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
गोली चलने की आवाज सुनकर आसपास मौजूद पुलिसकर्मी तुरंत मौके पर पहुंचे और वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित किया। पुलिस ने टूटा हुआ मोबाइल फोन जब्त कर लिया है और आत्महत्या के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
शहडोल एसपी राम जी श्रीवास्तव ने बताया कि घटना की पूरी जांच की जा रही है और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस महकमे में इस हृदयविदारक घटना ने ड्यूटी के दौरान मानसिक दबाव और तनाव पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
परिवार में उनकी माता और तीन बहनें हैं, जिन्हें घटना की सूचना दे दी गई है और वैधानिक कार्रवाई जारी है।