
अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (एएमयू) के एसएन हॉल में पढ़ाई कर रही 20 वर्षीय छात्रा इंशा फातिमा ने सोमवार देर शाम फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के समय छात्रा अपने पिता से वीडियो कॉल पर बात कर रही थी। छात्रा के अचानक यह कदम उठाने से यूनिवर्सिटी कैंपस में हड़कंप मच गया।
मामले का विवरण
आजमगढ़ के टेढ़िया मस्जिद की रहने वाली इंशा फातिमा एएमयू से कंप्यूटर साइंस में डिप्लोमा कर रही थी और एसएन हॉल के कमरा नंबर 113बी में एक अन्य छात्रा के साथ रहती थी। घटना के दिन साथी छात्रा छुट्टी पर थी। सोमवार को करीब साढ़े सात बजे इंशा अपने पिता से लैपटॉप पर वीडियो कॉल पर बात कर रही थी, जब अचानक उसने दुपट्टे से पंखे पर फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।
इंशा का पिता, जो सऊदी अरब में रहते हैं, ने तुरंत एएमयू में काम करने वाले एक रिश्तेदार को सूचना दी। इसके बाद हॉस्टल स्टाफ और प्रॉक्टोरियल टीम मौके पर पहुंचे। छात्रा को तुरंत फंदे से उतारा गया और जेएन मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां उसे आईसीयू में भर्ती कराया गया। करीब तीन घंटे इलाज के बाद छात्रा की मौत हो गई।
पुलिस और यूनिवर्सिटी की प्रतिक्रिया
एएमयू के प्रॉक्टर प्रो. वसीम अली ने बताया कि छात्रा ने अपने कमरे में फंदा लगाकर आत्महत्या की। कमरे को सील कर पुलिस को सूचना दे दी गई। इस घटना के बाद यूनिवर्सिटी कैंपस में खलबली मच गई।
सिटी एसपी मृगांक शेखर पाठक ने कहा कि छात्रा की मौत आत्महत्या के कारण हुई है। घटना की वजह अभी स्पष्ट नहीं है। परिजनों और यूनिवर्सिटी प्रशासन की ओर से मामले की जांच की जा रही है।
परिजनों की प्रतिक्रिया
छात्रा के ताऊ, जो लखनऊ में रहते हैं, घटना की सूचना पाकर अलीगढ़ के लिए रवाना हो गए। छात्रा के कमरे में कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। यूनिवर्सिटी प्रशासन और पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है ताकि आत्महत्या के कारणों का पता लगाया जा सके।
यह घटना एएमयू कैंपस में छात्रों और कर्मचारियों के लिए एक बड़े सदमे का कारण बनी है।