भारत की वैश्विक छवि बनाम पासपोर्ट की हकीकत: श्रीधर वेम्बु–विजय बहस ने उठाए बड़े सवाल
नई दिल्ली — भारत की अंतरराष्ट्रीय छवि में आए बदलाव और भारतीय पासपोर्ट की कमजोर स्थिति को लेकर जोहो के संस्थापक श्रीधर वेम्बु और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व ट्विटर) के एक यूजर विजय के बीच तीखी बहस छिड़ गई। यह बहस जल्द ही केवल एक ऑनलाइन तकरार न रहकर, भारत की कूटनीति, आर्थिक ताकत और आम नागरिकों की वैश्विक पहुंच जैसे अहम मुद्दों पर गंभीर चर्चा में बदल गई।
श्रीधर वेम्बु ने अपने पोस्ट में कहा कि पिछले दस वर्षों में विदेशों में भारत की छवि में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। उन्होंने इसका श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व को देते हुए कहा कि जो लोग लंबे समय तक विदेश में रहे हैं, वे इस बदलाव को साफ तौर पर महसूस कर सकते हैं। वेम्बु के मुताबिक, यही वजह है कि प्रवासी भारतीयों के बीच प्रधानमंत्री की लोकप्रियता लगातार बनी हुई है।
हालांकि, विजय ने इस दावे पर सीधा सवाल खड...










