
नई दिल्ली: यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) की अंतरराष्ट्रीय सराहना के बीच कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि यूपीआई की बुनियाद यूपीए सरकार के दौरान रखी गई थी, लेकिन मौजूदा एनडीए सरकार इसका श्रेय ले रही है।
कांग्रेस का आरोप
खेड़ा ने कहा कि 2012–13 में नंदन नीलेकानी के नेतृत्व में UPI की अवधारणा विकसित की गई थी। इसके तकनीकी आधार नेशनल पेमेंट्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) द्वारा 2010 में विकसित इमीडिएट पेमेंट सर्विस (IMPS) पर तैयार किया गया। दिसंबर 2013 में यूपीए सरकार की समिति ने मोबाइल आधारित डिजिटल पेमेंट इंफ्रास्ट्रक्चर की सिफारिश की थी।
पवन खेड़ा ने कहा,
“हम सभी को पढ़ाई के दौरान वह क्लासमेट याद होगा, जो कोई काम नहीं करता, लेकिन सारा श्रेय ले लेता है। नरेंद्र मोदी भी कुछ ऐसे ही हैं। उन्होंने केवल उद्घाटन और घोषणाओं के जरिए परियोजनाओं का श्रेय लिया है।”
फ्रांस ने की भारत की तारीफ
गुरुवार को इंडिया-एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने भारत के डिजिटल बदलाव की सराहना की। उन्होंने मुंबई के एक स्ट्रीट वेंडर का उदाहरण देते हुए कहा कि एक दशक पहले बैंक अकाउंट नहीं खोल पाता था, लेकिन आज वही वेंडर तुरंत और मुफ्त में मोबाइल पेमेंट सिस्टम का उपयोग करता है।
मैक्रों ने कहा,
“भारत ने कुछ ऐसा बनाया है जो दुनिया के किसी और देश ने नहीं बनाया। 140 करोड़ लोगों के लिए डिजिटल पहचान, हर महीने 20 बिलियन ट्रांजैक्शन प्रोसेस करने वाला पेमेंट सिस्टम और 500 मिलियन डिजिटल हेल्थ आईडी।”
निष्कर्ष
कांग्रेस ने मोदी सरकार पर आरोप लगाया है कि वह यूपीए द्वारा शुरू की गई महत्वाकांक्षी डिजिटल परियोजनाओं का श्रेय लेकर अपने प्रचार में इस्तेमाल कर रही है। वहीं, अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की डिजिटल उपलब्धियों की सराहना की जा रही है, जिससे देश की तकनीकी क्षमताओं और नवाचार की छवि मजबूत हो रही है।
