
लखीसराय: लखीसराय और पटना के बीच 10 किलोमीटर लंबी ग्रीनफील्ड बाईपास सड़क परियोजना पर काम में तेजी आ गई है। सड़क निर्माण विभाग ने पहले चरण (भाग-ए) के तहत 4.70 किलोमीटर सड़क के निर्माण का लक्ष्य रखा है, जिसकी अनुमानित लागत 23.21 करोड़ रुपये है और इसे 12 महीनों के भीतर पूरा किया जाएगा।
नई बाईपास बरहिया (लखीसराय) के बीएनएम कॉलेज घाट से पटना के मरांची तक महारानी स्थान, पंचमहला, नौरंगा और दुमरा से होकर गुजरेगी। अधिकारियों के अनुसार, चरणबद्ध निर्माण से समय और लागत का बेहतर प्रबंधन होगा और गुणवत्ता की कड़ी निगरानी भी सुनिश्चित की जा सकेगी।
ट्रैफिक जाम से मिलेगी राहत
इस बाईपास के खुलने के बाद लखीसराय और पटना के सीमावर्ती क्षेत्रों में ट्रैफिक की भीड़ कम होगी। यह भारी वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग प्रदान करेगा, जिससे निवासियों को राहत मिलेगी और यात्रा का समय घटेगा। साथ ही कृषि उत्पाद, औद्योगिक सामग्री और अन्य वाणिज्यिक वस्तुओं की आवाजाही भी तेज होगी।
क्षेत्रीय विकास को मिलेगा बढ़ावा
पटना शहर सड़क प्रभाग के कार्यकारी अभियंता आलोक कुमार ठाकुर ने बताया कि परियोजना तीन चरणों में पूरी होगी। पहले चरण के लिए निविदा जारी हो चुकी है और निर्माण कार्य शीघ्र शुरू होगा। उन्होंने कहा कि निर्धारित गुणवत्ता मानकों का कड़ाई से पालन किया जाएगा और परियोजना समय पर पूरी करने को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है।
इस बाईपास से न केवल क्षेत्रीय संपर्क मजबूत होगा, बल्कि आसपास के क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा। भविष्य में कॉरिडोर के साथ वाणिज्यिक, औद्योगिक और आवासीय विकास के नए अवसर भी खुलेंगे, जिससे समग्र क्षेत्रीय विकास को बल मिलेगा।
मुख्यमंत्री का ड्रीम प्रोजेक्ट
यह परियोजना मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने फरवरी 2025 में अपनी प्रगति यात्रा के दौरान घोषित की थी। लंबे समय से स्थानीय आबादी की यह प्रमुख मांग थी, जिसका निर्माण कार्य शुरू होना बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।