Wednesday, July 22

Rajasthan

राजस्थान में 1 अप्रैल से शराब महंगी, बीयर और अंग्रेजी शराब के दाम बढ़ेंगे नई आबकारी नीति में ड्यूटी बढ़ी, ठेके रात 10 बजे तक खुलने की संभावना
Rajasthan, State

राजस्थान में 1 अप्रैल से शराब महंगी, बीयर और अंग्रेजी शराब के दाम बढ़ेंगे नई आबकारी नीति में ड्यूटी बढ़ी, ठेके रात 10 बजे तक खुलने की संभावना

जयपुर। राजस्थान सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए नई आबकारी नीति जारी कर दी है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सरकार की इस नीति के लागू होने के बाद राज्य में 1 अप्रैल से शराब और बीयर के दाम बढ़ना तय हो गया है। नई नीति के तहत आबकारी ड्यूटी में 5 प्रतिशत की वृद्धि की गई है, जिससे शराब प्रेमियों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। बीयर 5 रुपये और अंग्रेजी शराब 20 रुपये तक महंगी नई आबकारी नीति के अनुसार सरकार ने आबकारी ड्यूटी को 75 प्रतिशत से बढ़ाकर 80 प्रतिशत कर दिया है। इसके चलते बीयर की प्रत्येक बोतल या कैन करीब 5 रुपये महंगी हो जाएगी, जबकि 750 एमएल अंग्रेजी शराब की बोतल के दाम 20 रुपये तक बढ़ सकते हैं। बढ़ी हुई दरें 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी होंगी। शराब दुकानों के समय में मिल सकती है राहत शराब उपभोक्ताओं के लिए राहत की बात यह है कि नई नीति में दुकानों के संचालन समय की समीक्षा का अधिकार आबकारी आ...
अजित पवार के चाचा की तीन बड़ी गलतियां, जिससे राजस्थान में एनसीपी नहीं जम सकी पैर
Rajasthan, State

अजित पवार के चाचा की तीन बड़ी गलतियां, जिससे राजस्थान में एनसीपी नहीं जम सकी पैर

जयपुर: राजस्थान में एनसीपी को मजबूत करने के लिए शरद पवार ने कई बार कोशिश की, लेकिन पार्टी को कांग्रेस की सहयोगी समझा गया और वोटरों ने इसे नकार दिया। वरिष्ठ राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि राजस्थान में एनसीपी के कमजोर होने के पीछे तीन बड़ी वजहें थीं। कोर वोटर से कनेक्ट की कमी: राजस्थान में पार्टी ने यह तय नहीं किया कि वह किस वर्ग की प्रतिनिधि बनेगी। न किसान, न दलित, न OBC या अल्पसंख्यक – किसी भी समूह पर स्पष्ट केंद्रित रणनीति न होने से आम वोटरों के मन में सवाल पैदा हो गया कि एनसीपी आखिर किसके लिए है। जमीन पर संगठन की कमजोरी: बीएसपी ने अपने बूथ स्तर तक संगठन खड़ा किया, स्थानीय चेहरे और कैडर बनाए, जबकि एनसीपी केवल चुनावी मौसम तक सक्रिय रही। राजस्थान जैसे बड़े राज्य में स्थायी संगठन न होने के कारण पार्टी टिक नहीं पाई। कांग्रेस की परछाईं से बाहर नहीं निकली: एनसीपी की पहचान महार...
भरतपुर में कोहरे का कहर: आगरा-जयपुर हाईवे पर ट्रेलर से टकराई बस, रामवीर का संसार उजड़ गया, 4 की मौत
Rajasthan, State

भरतपुर में कोहरे का कहर: आगरा-जयपुर हाईवे पर ट्रेलर से टकराई बस, रामवीर का संसार उजड़ गया, 4 की मौत

भरतपुर: गुरुवार तड़के राजस्थान के भरतपुर में घने कोहरे ने सड़क हादसे का रूप ले लिया। सोरोंजी से जयपुर जा रही एक निजी बस सड़क किनारे खड़े ट्रेलर में पीछे से जा टकराई। इस भीषण टक्कर में चार यात्रियों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पांच अन्य गंभीर रूप से घायल हैं। भगवान के दर जा रहे परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़: हादसे की सबसे दर्दनाक कहानी उत्तर प्रदेश के मथुरा निवासी रामवीर की है। रामवीर कागज की पगड़ियां बनाकर भगवान की मूर्तियों के लिए माल सप्लाई करते हैं। इस बार श्रद्धा और प्रेम के चलते उन्होंने अपनी पत्नी गीता (38) और आठ वर्षीय पुत्र कान्हा को भी साथ लिया। हादसे में पत्नी और बेटे की मौत हो गई, जबकि रामवीर अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहे हैं। कोहरा बना काल, मृतकों की पहचान: पुलिस के अनुसार, हादसे का मुख्य कारण विजिबिलिटी शून्य होना था। मृतकों में मथुरा निवासी गीता और उनके पुत्र कान्हा, ...
जयपुर मेट्रो: चारदीवारी के नीचे ‘अंडरग्राउंड’ सफर का काउंटडाउन, नए रूट और स्टेशनों की जानकारी
Rajasthan, State

जयपुर मेट्रो: चारदीवारी के नीचे ‘अंडरग्राउंड’ सफर का काउंटडाउन, नए रूट और स्टेशनों की जानकारी

जयपुर: गुलाबी नगरी की लाइफलाइन कही जाने वाली जयपुर मेट्रो अब अपनी पुरानी सीमाओं को पार कर ट्रांसपोर्ट नगर तक विस्तार करने जा रही है। जयपुर डेवलपमेंट अथॉरिटी (JDA) की हालिया बैठक में मेट्रो फेज-1C के मार्ग पर आ रही सभी बाधाओं को दूर कर नया रूट तय कर लिया गया है। जमीन के बदले जमीन, JDA का मास्टर स्ट्रोक: फेज-1C के अलाइनमेंट में आ रही 7700 वर्ग मीटर वन विभाग की जमीन के इस्तेमाल को मंजूरी दे दी गई है। बदले में, JDA ने वन विभाग को आमेर तहसील के दौलतपुरा गांव में 2.01 हेक्टेयर जमीन अलॉट की है। इस 'लैंड स्वैप' डील से कॉरिडोर निर्माण में आ रही कानूनी अड़चनें दूर हो गई हैं। बड़ी चौपड़ से ट्रांसपोर्ट नगर: अंडरग्राउंड सफर: नए फेज-1C का यह रूट बड़ी चौपड़ से शुरू होकर रामगंज चौपड़ होते हुए ट्रांसपोर्ट नगर तक जाएगा। कुल 2.85 किलोमीटर लंबी इस लाइन का बड़ा हिस्सा अंडरग्राउंड होगा, जबकि 0.59 किलोमीटर एलि...
मौत को छूकर टक से लौटे सुखजिंदर रंधावा! जयपुर में बड़ा विमान हादसा टला
Rajasthan, State

मौत को छूकर टक से लौटे सुखजिंदर रंधावा! जयपुर में बड़ा विमान हादसा टला

जयपुर: बुधवार दोपहर जयपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर एक बड़ा विमान हादसा होते-होते टल गया। दिल्ली से जयपुर आ रही एयर इंडिया की फ्लाइट रनवे छूते ही तकनीकी खराबी के कारण फिर से हवा में उड़ गई। इस दौरान विमान में राजस्थान कांग्रेस के प्रभारी और पंजाब के पूर्व उपमुख्यमंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा भी सवार थे। रनवे छूते ही फिर भरी उड़ान: फ्लाइट दोपहर करीब 1:00 बजे जयपुर के आसमान में थी। 1:05 बजे लैंडिंग के दौरान पहियों के जमीन छूते ही तकनीकी समस्या महसूस हुई। पायलट ने सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 'गो-अराउंड' का निर्णय लिया और विमान को फिर से हवा में उड़ा लिया। अगले 10 मिनट तक विमान हवा में चक्कर लगाता रहा, जिससे यात्रियों में घबराहट और चीख-पुकार फैल गई। VIP यात्री और एयरपोर्ट पर चिंता: एयरपोर्ट पर विमान का स्वागत करने आए कांग्रेस नेता गोविंद सिंह डोटासरा और अन्य दिग्गज नेताओं के लिए यह घड़ी बेहद तना...
गहलोत राज के ‘ऑनर किलिंग’ बिल पर राज्यपाल का ‘ब्रेक’, अब BNS बनेगा ढाल, पुराना कानून डस्टबिन में!
Rajasthan, State

गहलोत राज के ‘ऑनर किलिंग’ बिल पर राज्यपाल का ‘ब्रेक’, अब BNS बनेगा ढाल, पुराना कानून डस्टबिन में!

जयपुर: राजस्थान की राजनीति में एक बार फिर 'राजभवन बनाम पुरानी सरकार' का टकराव देखने को मिला है। राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े ने पूर्ववर्ती अशोक गहलोत सरकार के 2019 में पास किए गए ‘ऑनर किलिंग बिल’ को वापस लौटा दिया है। इस कदम ने बजट सत्र के पहले ही दिन विधानसभा में सियासी हलचल पैदा कर दी। क्यों लौटाया गया बिल? राज्य सरकार के अनुसार, जिस समय यह बिल बनाया गया था, तब देश में IPC और CrPC प्रभावी थे। अब देश में भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 लागू हो चुकी है। BNS की धारा 103 ऑनर किलिंग जैसे जघन्य अपराधों से निपटने के लिए पूरी तरह सक्षम है। इसके तहत दोषियों को मौत की सजा या आजीवन कारावास का प्रावधान है, इसलिए राज्य स्तरीय अलग कानून की आवश्यकता नहीं समझी गई। गहलोत सरकार का उद्देश्य: साल 2017 में हुए पहलू खान मामले जैसी घटनाओं के बाद गहलोत सरकार ने लिंचिंग और ऑनर किलिंग रोकने के लिए यह सख्त कानून लाने क...
अब नो पार्किंग ही नहीं, पार्किंग भी रुलाएगी! जयपुर में GT सहित 84 जगहों के लिए JDA का प्लान
Rajasthan, State

अब नो पार्किंग ही नहीं, पार्किंग भी रुलाएगी! जयपुर में GT सहित 84 जगहों के लिए JDA का प्लान

जयपुर: राजधानी जयपुर में ट्रैफिक जाम और पार्किंग की समस्या से निपटने के लिए जयपुर डेवलपमेंट अथॉरिटी (JDA) ने विशेष मास्टरप्लान तैयार किया है। बुधवार को JDA कमिश्नर सिद्धार्थ महाजन की अध्यक्षता में हुई ट्रैफिक कंट्रोल बोर्ड की बैठक में शहर की सूरत बदलने वाले कई अहम फैसले लिए गए। पीक आवर्स में पार्किंग रेट बढ़ेंगे: बोर्ड ने जयपुर नगर निगम को निर्देश दिए हैं कि शहर के भीड़भाड़ वाले इलाकों में 'स्पेशल पार्किंग पॉलिसी' लागू की जाए। इसके तहत पीक आवर्स (जाम के समय) में पार्किंग दरों में बढ़ोतरी की जाएगी ताकि सड़क पर अनावश्यक वाहन खड़े होने की प्रवृत्ति कम हो। गौरव टावर (GT) सहित शहर की 84 चिन्हित जगहों पर बिल्डिंग मैप्स की गहन जांच की जाएगी। यदि किसी बिल्डिंग ने पार्किंग क्षेत्र का व्यावसायिक उपयोग किया, तो उस पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सड़कों पर नहीं, खाली प्लॉटों में खड़ी होंगी प्राइवेट बसें:...
साध्वी प्रेम बाईसा की मौत या सोची-समझी साजिश? हनुमान बेनीवाल ने सरकार को घेरा
Rajasthan, State

साध्वी प्रेम बाईसा की मौत या सोची-समझी साजिश? हनुमान बेनीवाल ने सरकार को घेरा

जोधपुर: पश्चिमी राजस्थान की चर्चित कथावाचक साध्वी प्रेम बाईसा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया है। बुधवार शाम उनका निधन हुआ, लेकिन रात में उनके इंस्टाग्राम अकाउंट से ‘अग्नि परीक्षा’ जैसी पोस्ट आने से मामला और उलझ गया है। राजनीतिक प्रतिक्रिया: आरएलपी सुप्रीमो हनुमान बेनीवाल ने सीधे मुख्यमंत्री और राजस्थान पुलिस के डीजीपी से इस मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर लिखा, “जोधपुर के एक अस्पताल में साध्वी प्रेम बाईसा की संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु के समाचार अत्यंत दुःखद हैं। मुख्यमंत्री और डीजीपी तुरंत संज्ञान लें और मामले की उच्च स्तरीय जांच करवाएं।” डिजिटल सुसाइड नोट से उठे सवाल: साध्वी का इंस्टाग्राम अकाउंट अस्पताल में निधन के चार घंटे बाद सक्रिय हुआ। अस्पताल के अनुसार, साध्वी का निधन शाम 5:30 बजे हो चुका था, लेकिन...
साध्वी प्रेम बाईसा की मौत बनी रहस्य, इंस्टाग्राम पोस्ट ने उलझाई गुत्थी
Rajasthan, State

साध्वी प्रेम बाईसा की मौत बनी रहस्य, इंस्टाग्राम पोस्ट ने उलझाई गुत्थी

जोधपुर: राजस्थान की चर्चित कथावाचक साध्वी प्रेम बाईसा की मौत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। साध्वी का निधन बुधवार शाम करीब 5:30 बजे हुआ। लेकिन डॉक्टरों द्वारा उन्हें मृत घोषित किए जाने के करीब चार घंटे बाद उनके आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट से एक लंबी पोस्ट सामने आई, जिसे कथित सुसाइड नोट माना जा रहा है। इस घटना ने मामले को और पेचीदा बना दिया है। घटनाक्रम: एसीपी (वेस्ट) छवि शर्मा ने बताया कि साध्वी प्रेम बाईसा को उनके पिता और एक युवक कार से बोरानाडा स्थित आश्रम से पाल रोड स्थित प्रेक्षा अस्पताल लाए। अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने उन्हें बचाने का हर प्रयास किया, लेकिन शरीर में कोई हलचल नहीं पाई गई और उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। बताया गया कि साध्वी को बुखार था और इसके लिए आश्रम में नर्सिंग स्टाफ ने इंजेक्शन लगवाया था। एंबुलेंस लेने से किया इनकार: डॉ. प्रवीण जैन ने बताया कि पोस्टमॉर्टम और आगे क...
जोधपुर में निधन: कौन थीं साध्वी प्रेम बाईसा?
Rajasthan, State

जोधपुर में निधन: कौन थीं साध्वी प्रेम बाईसा?

  जोधपुर: पश्चिमी राजस्थान की चर्चित कथावाचक साध्वी प्रेम बाईसा का बुधवार को निधन हो गया। उनके निधन की खबर से संत समाज और अनुयायियों में शोक की लहर फैल गई। बताया जा रहा है कि साध्वी ने अपनी मौत से पहले सोशल मीडिया पर एक कथित सुसाइड नोट पोस्ट किया था, जिसे लेकर चर्चा बनी रही। परिवार और साध्वी जीवन: साध्वी प्रेम बाईसा का परिवार मूल रूप से बाड़मेर जिले के परेऊ गांव का निवासी था। वे लंबे समय से संत परंपरा से जुड़ी हुई थीं और पश्चिमी राजस्थान में कथावाचन के माध्यम से सनातन धर्म का प्रचार करती थीं। संत समाज में उनका नाम जाना-पहचाना था। आरोपों के बाद अग्निपरीक्षा का प्रस्ताव: पिछले साल वायरल वीडियो और विवादों के बाद साध्वी ने सार्वजनिक रूप से अग्निपरीक्षा देने की बात कही थी। उन्होंने संत समाज से अपील की थी कि अग्निपरीक्षा के लिए स्थान और तारीख तय की जाए। उनका कहना था कि वह स्वयं को निर्दो...