झूठी पहचान, विदेशी ऐप और अपराध की दुनिया: तीन रिश्तों के शौक में फंसा फर्जी फिजियोथेरेपिस्ट
शामली।
उत्तर प्रदेश के शामली में पकड़े गए एक फिजियोथेरेपिस्ट की कहानी महज चोरी की वारदात तक सीमित नहीं है, बल्कि यह लालच, फर्जी पहचान, डिजिटल अपराध और अनैतिक गतिविधियों के खतरनाक गठजोड़ को उजागर करती है। गांव भूरा खुर्द निवासी शराफत अली का बेटा आसिफ अली, जो खुद को पढ़ा-लिखा और सफल फिजियोथेरेपिस्ट बताता था, अब पुलिस की गिरफ्त में है।
पुलिस जांच में उसकी जिंदगी की परतें खुलीं तो अधिकारी भी हैरान रह गए।
विदेशी ऐप्स के जरिए अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क से जुड़ाव
पुलिस पूछताछ में आसिफ ने चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। उसके अनुसार, वह बीते करीब एक महीने से विदेशी मोबाइल ऐप्स के माध्यम से 56 देशों के लोगों के साथ ऑनलाइन सेशन में शामिल हो रहा था। इन सेशनों में वह सेक्सुअल दवाइयों और क्रियाओं से जुड़ी जानकारी साझा करता था और कई सेशन की वीडियो रिकॉर्डिंग भी करता था। पुलिस ...










