Sunday, August 30

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हल्द्वानी: गल्ला मंडी में युवक-युवती की निर्मम हत्या, पत्थरों से कुचल कर किया दोगुना कत्ल
State, Uttarakhand

हल्द्वानी: गल्ला मंडी में युवक-युवती की निर्मम हत्या, पत्थरों से कुचल कर किया दोगुना कत्ल

हल्द्वानी/देहरादून: उत्तराखंड के हल्द्वानी स्थित गल्ला मंडी परिसर गुरुवार सुबह एक दहशत भरे डबल मर्डर के मामले से हिल गया। नवीन मंडी में स्थित गल्ला मंडी में एक युवक और युवती की पत्थरों से कुचल कर निर्मम हत्या कर दी गई। सुबह के समय जब मजदूर और व्यापारी अपने काम पर पहुंचे, तो उन्होंने मंडी परिसर में शव पड़े देख तुरंत पुलिस को सूचित किया। घटना स्थल पर भारी भीड़ जमा हो गई, जिसे हटाने के लिए पुलिस को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। कोतवाली पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटना स्थल को सील कर दिया। सीसीटीवी फुटेज और गुमशुदगी रिपोर्ट खंगाली जा रहीएसपी सिटी मनोज कत्याल ने बताया कि फिलहाल मृतक युवक और युवती की पहचान नहीं हो पाई है। पहचान के प्रयास के लिए मंडी परिसर और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। इसके अलावा स्थानीय थानों में गुमशुदगी की रिपोर्ट भी देखी जा रही है। मृतकों के पास मिले कुछ आईड...
छपरा में सनसनीखेज हत्याकांड पर कोर्ट का बड़ा फैसला
Bihar, State

छपरा में सनसनीखेज हत्याकांड पर कोर्ट का बड़ा फैसला

छपरा। बिहार के सारण जिले के छपरा में प्रेम संबंधों के चलते पिता की नृशंस हत्या करने के चर्चित मामले में अदालत ने बड़ा और सख्त फैसला सुनाया है। छपरा सिविल कोर्ट ने आरोपी बेटी अनीता कुमारी और उसके प्रेमी रामबाबू कुमार को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही दोनों पर 25-25 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। यह मामला जून 2025 में सामने आया था, जिसने पूरे सारण जिले को दहला दिया था। रिश्तों को शर्मसार कर देने वाली इस घटना में बेटी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर अपने ही पिता की चाकू से गोदकर हत्या कर दी थी। आपत्तिजनक अवस्था में पकड़ने पर बन गया पिता ‘दुश्मन’ पुलिस जांच और अदालत में सामने आए तथ्यों के अनुसार, मृतक ने अपनी बेटी को पड़ोस में रहने वाले युवक रामबाबू कुमार के साथ आपत्तिजनक अवस्था में देख लिया था। इसके बाद वह दोनों के रिश्ते का विरोध करने लगे। यही विरोध धीरे...
कानपुर लैंबॉर्गिनी हादसा: तंबाकू कारोबारी का बेटा शिवम मिश्रा गिरफ्तार
State, Uttar Pradesh

कानपुर लैंबॉर्गिनी हादसा: तंबाकू कारोबारी का बेटा शिवम मिश्रा गिरफ्तार

कानपुर। उत्तर प्रदेश के कानपुर में लग्जरी कार लैंबॉर्गिनी से कई लोगों को कुचलने और गंभीर रूप से घायल करने के मामले में पुलिस ने बड़ा एक्शन लेते हुए तंबाकू कारोबारी केके मिश्रा के बेटे शिवम मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया है। मेडिकल जांच के बाद पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश किया। यह मामला सामने आने के बाद पूरे शहर में आक्रोश फैल गया था। शुरुआती दौर में पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी, लेकिन घायलों और स्थानीय लोगों के विरोध-प्रदर्शन के बाद शिवम मिश्रा का नाम केस में जोड़ा गया। 8 फरवरी को VIP रोड पर हुआ था हादसा घटना 8 फरवरी की बताई जा रही है। कानपुर की VIP रोड पर रेव थ्री मॉल के पास तेज रफ्तार लैंबॉर्गिनी कार ने पहले एक ऑटो में टक्कर मारी। इसके बाद कार ने बुलेट बाइक पर सवार तीन लोगों को चपेट में ले लिया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे में एक राहगीर भी चोटिल हुआ...
400 किलो सोना लूटने वाला ‘बबुआ’ गिरफ्तार
Rajasthan, State

400 किलो सोना लूटने वाला ‘बबुआ’ गिरफ्तार

राजसमंद। देशभर में ज्वेलरी शोरूम और गोल्ड कारोबारियों को निशाना बनाकर करोड़ों की लूट को अंजाम देने वाला कुख्यात मास्टरमाइंड सुबोध सिंह उर्फ ‘बबुआ’ आखिरकार राजस्थान पुलिस के शिकंजे में आ गया है। पुलिस के अनुसार, बबुआ पर पिछले करीब 10 वर्षों में 6 राज्यों में 400 किलो से अधिक सोना लूटने के गंभीर आरोप हैं। राजसमंद जिले की कांकरोली थाना पुलिस ने उसे ओडिशा से प्रोडक्शन वारंट के जरिए गिरफ्तार कर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, सुबोध सिंह ने अपने गिरोह के साथ वर्ष 2018 तक जयपुर, पुणे, नागपुर, बैरकपुर समेत कई शहरों में बड़ी वारदातों को अंजाम देकर दहशत फैलाई थी। बिहार का रहने वाला है ‘बबुआ’ पुलिस जांच में सामने आया है कि सुबोध सिंह उर्फ बबुआ बिहार के नालंदा जिले के चिस्तीपुर गांव का निवासी है। वह 12वीं पास है और उसने वर्ष 1996 से अपराध की दुनिया में कदम रखा। शुरुआती दौर में वह छो...
संतकबीर नगर और आजमगढ़ में छापेमारी, करोड़ों की 17 संपत्तियों के दस्तावेज बरामद
State, Uttar Pradesh

संतकबीर नगर और आजमगढ़ में छापेमारी, करोड़ों की 17 संपत्तियों के दस्तावेज बरामद

लखनऊ। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मनी लॉन्ड्रिंग के गंभीर आरोपों के तहत उत्तर प्रदेश के संतकबीर नगर और आजमगढ़ जिलों में मौलाना शमशुल हुदा खान के ठिकानों पर बड़ी कार्रवाई की है। ED की लखनऊ टीम ने 11 फरवरी को पीएमएलए (Prevention of Money Laundering Act) के अंतर्गत चार अलग-अलग ठिकानों पर सर्च ऑपरेशन चलाया। यह छापेमारी संतकबीर नगर के खलीलाबाद कोतवाली क्षेत्र तथा आजमगढ़ के मुबारकपुर में स्थित आवासों समेत अन्य स्थानों पर की गई। छापेमारी के दौरान ED को 17 अचल संपत्तियों के दस्तावेज मिले हैं, जिनका घोषित मूल्य लगभग 3 करोड़ रुपये बताया जा रहा है, जबकि बाजार मूल्य 20 करोड़ रुपये से अधिक होने का अनुमान है। एजेंसी को संदेह है कि ये संपत्तियां मनी लॉन्ड्रिंग के जरिए अर्जित की गई हैं। UK नागरिकता के बावजूद सरकारी वेतन लेने का आरोप जांच में सामने आया है कि मौलाना शमशुल हुदा खान ने वर्ष 2013 में यूनाइटेड...
गुवाहाटी। असम में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया पूरी हो गई है और राज्य की अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित कर दी गई है। असम के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अनुराग गोयल ने जानकारी दी कि यह प्रक्रिया 10 फरवरी को समाप्त हुई, जो नवंबर से राज्य के सभी 35 जिलों में चल रही थी।  इस विशेष अभियान के तहत बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) ने घर-घर जाकर सत्यापन किया, ताकि मतदाता सूची को त्रुटिरहित और पारदर्शी बनाया जा सके।  5.86 लाख नए नाम जुड़े, 2.43 लाख नाम हटाए गए  मुख्य निर्वाचन अधिकारी के अनुसार सत्यापन अभियान में लगभग 6.27 लाख ऐसे युवाओं की पहचान हुई जिनकी उम्र 18 वर्ष हो चुकी है या होने वाली है।  इसके अलावा अंतिम सूची में:  5.86 लाख नए मतदाताओं के नाम जोड़े गए  2.43 लाख नाम मसौदा सूची से हटाए गए  उन्होंने बताया कि यह हटाए गए नाम कुल मसौदा सूची का लगभग 0.97 प्रतिशत हैं।  35 में से 24 जिलों में मतदाता संख्या घटी  निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट पर उपलब्ध जिलेवार आंकड़ों के अनुसार, असम के 35 जिलों में से 24 जिलों में अंतिम सूची में मतदाताओं की संख्या में कमी दर्ज की गई, जबकि 11 जिलों में मतदाता संख्या बढ़ी है।  आंकड़ों में यह बदलाव कुछ सौ से लेकर 30 हजार से अधिक तक दर्ज किया गया।  आदिवासी और पहाड़ी जिलों में बड़ी गिरावट  रिपोर्ट के मुताबिक, राज्य के तीन पहाड़ी जिलों और बोडोलैंड प्रादेशिक क्षेत्र (BTR) के अंतर्गत आने वाले पांच जिलों में मतदाता संख्या में उल्लेखनीय गिरावट देखी गई।  इसके साथ ही कामरूप और कामरूप (मेट्रोपॉलिटन) जिलों में भी वोटरों की संख्या कम हुई है, जहां राज्य की राजधानी गुवाहाटी स्थित है।  मुस्लिम बहुल जिलों में वोटर बढ़े  सबसे अहम बात यह सामने आई है कि असम के अधिकांश मुस्लिम बहुल जिलों में मसौदा सूची की तुलना में अंतिम सूची में मतदाताओं की संख्या में वृद्धि दर्ज की गई है। वहीं, बहुसंख्यक आदिवासी जनसंख्या वाले जिलों में वोटरों की संख्या घटने से इस प्रक्रिया को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।  निर्वाचन अधिकारी बोले—विशेष पुनरीक्षण में गिरावट सामान्य  मुख्य निर्वाचन अधिकारी अनुराग गोयल ने कहा कि अधिकारियों ने पूरी सतर्कता के साथ मतदाता सूची को अपडेट किया है और यह सुनिश्चित किया गया कि सूची अधिकतम त्रुटिरहित हो।  उन्होंने कहा कि अन्य राज्यों में भी जब विशेष पुनरीक्षण होता है, तो आमतौर पर मतदाता संख्या में गिरावट देखने को मिलती है, क्योंकि मृत, स्थानांतरित या फर्जी नाम हटाए जाते हैं।  जनता से अपील—मतदाता सूची में नाम जरूर जांचें  मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने राज्य की जनता से अपील की है कि अंतिम सूची प्रकाशित हो चुकी है, इसलिए हर नागरिक को अपना नाम दोबारा जांच लेना चाहिए।  उन्होंने कहा कि लोग:  Voter Helpline App  voters.eci.gov.in पोर्टल  या अपने BLO से संपर्क कर सूची में अपना नाम सत्यापित कर सकते हैं।  उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि किसी कारणवश किसी मतदाता का नाम सूची में नहीं है, तो अपडेट की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और नामांकन की अंतिम तिथि तक सूची में सुधार जारी रहेगा।
Politics, State, West Bengal

गुवाहाटी। असम में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया पूरी हो गई है और राज्य की अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित कर दी गई है। असम के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अनुराग गोयल ने जानकारी दी कि यह प्रक्रिया 10 फरवरी को समाप्त हुई, जो नवंबर से राज्य के सभी 35 जिलों में चल रही थी। इस विशेष अभियान के तहत बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) ने घर-घर जाकर सत्यापन किया, ताकि मतदाता सूची को त्रुटिरहित और पारदर्शी बनाया जा सके। 5.86 लाख नए नाम जुड़े, 2.43 लाख नाम हटाए गए मुख्य निर्वाचन अधिकारी के अनुसार सत्यापन अभियान में लगभग 6.27 लाख ऐसे युवाओं की पहचान हुई जिनकी उम्र 18 वर्ष हो चुकी है या होने वाली है। इसके अलावा अंतिम सूची में: 5.86 लाख नए मतदाताओं के नाम जोड़े गए 2.43 लाख नाम मसौदा सूची से हटाए गए उन्होंने बताया कि यह हटाए गए नाम कुल मसौदा सूची का लगभग 0.97 प्रतिशत हैं। 35 में से 24 जिलों में मतदाता संख्या घटी निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट पर उपलब्ध जिलेवार आंकड़ों के अनुसार, असम के 35 जिलों में से 24 जिलों में अंतिम सूची में मतदाताओं की संख्या में कमी दर्ज की गई, जबकि 11 जिलों में मतदाता संख्या बढ़ी है। आंकड़ों में यह बदलाव कुछ सौ से लेकर 30 हजार से अधिक तक दर्ज किया गया। आदिवासी और पहाड़ी जिलों में बड़ी गिरावट रिपोर्ट के मुताबिक, राज्य के तीन पहाड़ी जिलों और बोडोलैंड प्रादेशिक क्षेत्र (BTR) के अंतर्गत आने वाले पांच जिलों में मतदाता संख्या में उल्लेखनीय गिरावट देखी गई। इसके साथ ही कामरूप और कामरूप (मेट्रोपॉलिटन) जिलों में भी वोटरों की संख्या कम हुई है, जहां राज्य की राजधानी गुवाहाटी स्थित है। मुस्लिम बहुल जिलों में वोटर बढ़े सबसे अहम बात यह सामने आई है कि असम के अधिकांश मुस्लिम बहुल जिलों में मसौदा सूची की तुलना में अंतिम सूची में मतदाताओं की संख्या में वृद्धि दर्ज की गई है। वहीं, बहुसंख्यक आदिवासी जनसंख्या वाले जिलों में वोटरों की संख्या घटने से इस प्रक्रिया को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। निर्वाचन अधिकारी बोले—विशेष पुनरीक्षण में गिरावट सामान्य मुख्य निर्वाचन अधिकारी अनुराग गोयल ने कहा कि अधिकारियों ने पूरी सतर्कता के साथ मतदाता सूची को अपडेट किया है और यह सुनिश्चित किया गया कि सूची अधिकतम त्रुटिरहित हो। उन्होंने कहा कि अन्य राज्यों में भी जब विशेष पुनरीक्षण होता है, तो आमतौर पर मतदाता संख्या में गिरावट देखने को मिलती है, क्योंकि मृत, स्थानांतरित या फर्जी नाम हटाए जाते हैं। जनता से अपील—मतदाता सूची में नाम जरूर जांचें मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने राज्य की जनता से अपील की है कि अंतिम सूची प्रकाशित हो चुकी है, इसलिए हर नागरिक को अपना नाम दोबारा जांच लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि लोग: Voter Helpline App voters.eci.gov.in पोर्टल या अपने BLO से संपर्क कर सूची में अपना नाम सत्यापित कर सकते हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि किसी कारणवश किसी मतदाता का नाम सूची में नहीं है, तो अपडेट की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और नामांकन की अंतिम तिथि तक सूची में सुधार जारी रहेगा।

कोलकाता। पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बार फिर सियासी तापमान बढ़ गया है। भाजपा नेता और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी ने बुधवार को तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) पर तीखा हमला बोलते हुए बड़ा बयान दिया। उन्होंने दावा किया कि यदि आगामी विधानसभा चुनाव में भाजपा सत्ता में आती है, तो राज्यभर से मुगल शासकों से जुड़े नाम और निशान हटाए जाएंगे। सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि ममता बनर्जी सरकार के कार्यकाल में बंगाल में बाबर जैसे “विदेशी हमलावरों” के नाम सार्वजनिक स्थानों पर बने रहेंगे, लेकिन भाजपा सरकार बनने पर ऐसा नहीं होने दिया जाएगा। ‘अप्रैल तक इंतजार कीजिए, फिर देखिए क्या होता है’ भाजपा नेता ने आक्रामक तेवर दिखाते हुए कहा कि आने वाले चुनावों में भाजपा सरकार बनाएगी और उसके बाद बंगाल में मुगल शासकों से जुड़े नामों को हटाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। उन्होंने कहा—“अप्रैल तक इंतजार करें, जब हम...
असम में SIR प्रक्रिया पूरी, अंतिम मतदाता सूची जारी
Assam, Politics, State

असम में SIR प्रक्रिया पूरी, अंतिम मतदाता सूची जारी

गुवाहाटी। असम में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया पूरी हो गई है और राज्य की अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित कर दी गई है। असम के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अनुराग गोयल ने जानकारी दी कि यह प्रक्रिया 10 फरवरी को समाप्त हुई, जो नवंबर से राज्य के सभी 35 जिलों में चल रही थी। इस विशेष अभियान के तहत बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) ने घर-घर जाकर सत्यापन किया, ताकि मतदाता सूची को त्रुटिरहित और पारदर्शी बनाया जा सके। 5.86 लाख नए नाम जुड़े, 2.43 लाख नाम हटाए गए मुख्य निर्वाचन अधिकारी के अनुसार सत्यापन अभियान में लगभग 6.27 लाख ऐसे युवाओं की पहचान हुई जिनकी उम्र 18 वर्ष हो चुकी है या होने वाली है। इसके अलावा अंतिम सूची में: 5.86 लाख नए मतदाताओं के नाम जोड़े गए 2.43 लाख नाम मसौदा सूची से हटाए गए उन्होंने बताया कि यह हटाए गए नाम कुल मसौदा सूची का लगभग 0.97 प्रतिशत हैं। 35 में स...
अलीगढ़ की चर्चित ‘सास-दामाद’ कहानी में नया मोड़, अब बहनोई के साथ फरार हुई सपना
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अलीगढ़ की चर्चित ‘सास-दामाद’ कहानी में नया मोड़, अब बहनोई के साथ फरार हुई सपना

अलीगढ़। उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले से सामने आया चर्चित ‘सास-दामाद प्रेम प्रसंग’ एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है। करीब 10 महीने पहले अपने होने वाले दामाद के साथ घर से भागने वाली महिला सपना अब एक बार फिर फरार हो गई है। इस बार मामला और भी चौंकाने वाला है, क्योंकि आरोप है कि सपना अपने बहनोई के साथ भाग गई है और साथ में दो लाख रुपये नकद व लाखों के जेवरात भी लेकर चली गई है। यह शिकायत खुद सपना के कथित साथी और दामाद राहुल ने पुलिस में दर्ज कराई है। बिहार के सीतामढ़ी में रह रहे थे राहुल और सपना जानकारी के मुताबिक, अलीगढ़ के मडराक थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली सपना अप्रैल 2025 में अपने होने वाले दामाद राहुल के साथ घर छोड़कर भाग गई थी। यह घटना उस समय देशभर में चर्चा का विषय बनी थी। बाद में सपना वापस लौट आई थी, लेकिन वह राहुल के साथ रहने की जिद पर अड़ी रही। पुलिस काउंसलिंग के बाद दोनों को...
दक्षिण कोलकाता में मतदाता सूची संशोधन पर विवाद, भवानीपुर-बालीगंज में ‘तार्किक विसंगति’ वाले वोटरों में मुस्लिम सबसे अधिक
Politics, State, West Bengal

दक्षिण कोलकाता में मतदाता सूची संशोधन पर विवाद, भवानीपुर-बालीगंज में ‘तार्किक विसंगति’ वाले वोटरों में मुस्लिम सबसे अधिक

कोलकाता। चुनाव आयोग द्वारा मतदाता सूचियों के विशेष गहन संशोधन (Special Intensive Revision - SIR) अभियान के दौरान दक्षिण कोलकाता के दो प्रमुख विधानसभा क्षेत्रों भवानीपुर और बालीगंज में सामने आई ‘तार्किक विसंगतियों’ (Logical Discrepancies) ने राजनीतिक और सामाजिक हलकों में नई बहस छेड़ दी है। एक अध्ययन में दावा किया गया है कि इन क्षेत्रों में विसंगति के आधार पर चिह्नित मतदाताओं में मुस्लिम समुदाय के वोटरों की संख्या असमान रूप से अधिक पाई गई है। यह अध्ययन सबार इंस्टीट्यूट द्वारा किया गया है, जिसमें SIR प्रक्रिया के दौरान चिह्नित मतदाताओं के आंकड़ों का विश्लेषण किया गया। भवानीपुर में 15 हजार से अधिक मतदाताओं में आधे से ज्यादा मुस्लिम अध्ययन के अनुसार, भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र में तार्किक विसंगति के तहत चिह्नित कुल 15,145 मतदाताओं में से 7,846 मतदाता मुस्लिम हैं। यानी यह अनुपात करीब 52% तक पह...
बिहार में फिर जिंदा होंगी सकरी और रैयाम चीनी मिलें, सरकार ने तेज की पुनरुद्धार प्रक्रिया
Bihar, State

बिहार में फिर जिंदा होंगी सकरी और रैयाम चीनी मिलें, सरकार ने तेज की पुनरुद्धार प्रक्रिया

पटना। बिहार में बंद पड़ी चीनी मिलों को दोबारा शुरू करने की दिशा में सरकार ने एक और बड़ा कदम उठाया है। रीगा चीनी मिल के बाद अब सकरी (मधुबनी) और रैयाम (दरभंगा) चीनी मिलों के पुनरुद्धार की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। इसे लेकर बुधवार को विकास आयुक्त श्री मिहिर कुमार सिंह की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई, जिसमें सहकारी मॉडल के माध्यम से चीनी उद्योग को फिर से मजबूत बनाने पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में सरकार ने स्पष्ट संकेत दिया कि राज्य में गन्ना किसानों और उद्यमियों के हित में सकरी और रैयाम में सहकारी चीनी मिलों की स्थापना को प्राथमिकता दी जाएगी। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाकर जल्द ठोस निर्णय लिया जाए। NFCSF के साथ समन्वय, जल्द बनेगा डीपीआर बैठक में राष्ट्रीय सहकारी शक्कर कारखाना संघ लिमिटेड (NFCSF), नई दिल्ली के प्रबंध निदेशक ने बिहार सरकार के...