‘सपने में भी नहीं सोचा था…’ ऑपरेशन सिंदूर के नन्हे हीरो को मिला पीएम बाल पुरस्कार, भावुक होकर साझा की दिल की बात
नई दिल्ली। देशभक्ति उम्र की मोहताज नहीं होती—इस बात को सच कर दिखाया है ऑपरेशन सिंदूर के नन्हे नायक श्रवण ने। सीमावर्ती इलाके में चल रहे सैन्य अभियान के दौरान भारतीय सैनिकों की निस्वार्थ सेवा करने वाले इस बालक को अब उसकी बहादुरी और समर्पण के लिए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। सम्मान मिलने के बाद श्रवण की आंखों में खुशी और शब्दों में सादगी साफ झलक रही थी।
ऑपरेशन सिंदूर के दौरान, जब भारतीय सेना दुश्मन को मुंहतोड़ जवाब दे रही थी, उसी समय श्रवण ने भी अपने तरीके से देशसेवा का बीड़ा उठाया। उसने मोर्चे पर तैनात जवानों तक दूध, चाय, लस्सी और बर्फ जैसे जरूरी सामान लगातार पहुंचाकर उनका हौसला बढ़ाया। श्रवण ने कहा,
“जब हमारे गांव में हमारी रक्षा के लिए फौजी आए, तो मैंने सोचा कि मैं भी अपने देश के जवानों की सेवा करूं। आज इतना बड़ा सम्मान मिलेगा, ये मैंने कभ...










