
पंजाब में मुख्यमंत्री भगवंत मान की अगुवाई वाली सरकार ने कुत्ते के काटने पर जरूरी एंटी-रेबीज टीकाकरण को मुफ्त करने का बड़ा कदम उठाया है। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने बताया कि इस फैसले से आम लोगों को बड़ी सुविधा मिली है और अब राज्य में रेबीज से बचाव की कवायद में तेजी आई है।
अब हर जगह उपलब्ध टीकाकरण:
पहले यह टीकाकरण केवल 48 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में ही उपलब्ध था, जिससे मरीजों को दूर-दराज के अस्पतालों तक जाना पड़ता और जरूरी पांच खुराकों वाला कोर्स पूरा नहीं हो पाता। अब 881 आम आदमी क्लीनिकों पर यह टीकाकरण मुफ्त उपलब्ध है।
सालाना तीन लाख मामले:
डॉ. बलबीर सिंह ने बताया कि पंजाब में हर साल लगभग तीन लाख लोग कुत्तों के काटने के मामले में क्लीनिक पहुंचते हैं। समय पर टीकाकरण न होने पर रेबीज 100 प्रतिशत घातक साबित हो सकता है। नए फैसले के बाद मरीजों का इलाज तुरंत शुरू हो जाता है और कई मौतों से बचाव हुआ है।
महीने में 1,500 मरीज:
पिछले चार महीनों में औसतन हर महीने 1,500 मरीज आम आदमी क्लीनिकों में रिपोर्ट कर रहे हैं। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि यह कदम जन स्वास्थ्य क्षेत्र में मील का पत्थर साबित हुआ है और राज्य सरकार की दूरदर्शी नीतियों ने लोगों का भरोसा बढ़ाया है।
स्वास्थ्य सेवा का सुधार:
डॉ. बलबीर सिंह ने बताया कि आम आदमी क्लीनिक में रोजाना करीब 70,000 मरीजों को इलाज दिया जाता है। मुफ्त एंटी-रेबीज टीकाकरण से न केवल जानें बच रही हैं, बल्कि यह असमानता को भी कम करने में मदद कर रहा है और पंजाब की स्वास्थ्य प्रणाली में सुधार ला रहा है।
